रामपुर। चार माह की बच्ची को बंदर द्वारा ले जाने और छत से नीचे फेंकने की घटना के बाद से लोगों में दहशत है। लोग बच्चों पर नजर रख रहे हैं कि वे ऐसी जगह न जाएं जहां बंदर हों। वहीं बच्चे भी बंदरों को देखकर घर से बाहर निकलने में डर रहे हैं। शनिवार दोपहर करीब ढाई बजे शाहबाद के मोहल्ला अफगानान स्थित मोतीझील निवासी सलीम और उनकी पत्नी शबनम अपने घर में काम कर रहे थी। उस दौरान चार माह की बच्ची माहेनूर पलंग पर सो रही थी। तभी एक बंदर बच्ची को उठाकर छत पर चढ़ गया था। बच्ची की आवाज सुनकर माता-पिता पीछे दौड़े तब तक बंदर जा चुका था। इसके बाद लोगों भीड़ जुट गई। करीब 10 मिनट बाद बंदर ने बच्ची को नीचे फेंक दिया था। इसमें बच्ची की शरीर पर कई जगह खरोच लगी थी, साथ ही सिर फटने से 12 टांके लगाए गए थे। अब बच्ची की हालत में सुधार है।
घटना के बाद दूसरे दिन रविवार को मोहल्ले के बच्चे बंदरों को देख कर दहशत के कारण घर से नहीं निकले। बच्चे घरों से निकलते हुए डर रहे थे। वहीं छोटे-छोटे बच्चों के मां-बाप भी अपने बच्चों को कमरों में लेकर बैठे रहे।