रामपुर। कड़ाके की ठंड में मरीजों को परेशानी न हो इसके लिए शासन ने अस्पतालों में मरीजों के वार्डों में हीटर लगवाने और कंबल आदि की व्यवस्था दुरुस्त करने के निर्देश दिए हैं। इसके बाद भी जिला अस्पताल की व्यवस्था बदहाल है। सोमवार को जब जिला अस्पताल की पड़ताल की गई तो मरीजों के तीमारदार बाहर से गर्म पानी लाते नजर आए। कुछ वार्डों में तो हीटर थे ही नहीं और जिस वार्ड में हीटर था वहां बड़े से हाल में एक छोटा हीटर नाकाफी साबित हो रहा था। कड़ाके की ठंड के चलते जनजीवन अस्तव्यस्त है। ऐसे में जिला अस्पताल में व्यवस्थाएं दुरुस्त न होने से मरीजों को ज्यादा परेशानी हो रही है। अस्पताल में मरीजों के दिए जाने वाले कंबल काफी हल्के हैं, इसके चलते मरीज ठिठुरते रहते हैं या अपने घरों से कंबल-रजाई मंगवाते हैं। अस्पताल में गर्म पानी न मिलने पर तीमारदार गर्म पानी के लिए अस्पताल के बाहर चाय के ढाबों और होटलों पर चक्कर काटते रहते हैं।
वार्डों की पड़ताल की गई तो एक 13 बेड के वार्ड में छोटा सा हीटर लगा था। वो एक मरीज के पास रखा था। अन्य मरीज ठिठुर रहे थे। वहीं वार्ड 19 में रखे हीटर का एलीमेंट खराब था। कई वार्डों में हीटर थे ही नहीं। वहीं मरीजों के तीमारदारों ने बताया कि अस्पताल में गर्म पानी नहीं मिल पा रहा है। इसके चलते बाहर से पानी ला रहे हैं। हालांकि, महिला अस्पताल में गर्म पानी की व्यवस्था ठीक मिली।
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क्या बोले मरीज
अचानकर तबीयत बिगड़ने पर भर्ती कराया गया था। सुबह से गर्म पानी नहीं मिल पा रहा था। नर्स से गर्म पानी मांगा था, लेकिन कोई जवाब नहीं दिया। इसके बाद हमारे भाई बोतल में पानी गर्म करवाकर लेकर आए हैं।
-अजीम, मरीज
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कमरे में हीटर लगाया था, लेकिन वह खराब हो गया। अस्पताल की ओर से दिए गए कंबल काफी हल्के हैं। कड़ाके की ठंड में मरीज काफी परेशान है। गर्म पानी बाहर से लेकर आ रहे हैं।
-सोमपाल, तीमारदार
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अभी नहीं शुरू हो सकी आरटीपीसीआर जांच
प्रदेश में कोरोना संक्रमित कई मरीज मिलने के बाद शासन ने अस्पताल में आने वाले जुकाम, बुखार के मरीजों की कोरोना जांच के आदेश दिए थे। जिला अस्पताल में किट न होने के चलते आरटीपीसीआर जांच शुरू नहीं हो सकी हैं। ऐसे में अभी लोगों की एंटीजन जांच ही की जा रही है। अधिकारियों ने बताया कि किट के लिए दो हफ्ते पहले शासन को डिमांड भेजी जा चुकी है, लेकिन अभी तक किटें उपलब्ध नहीं कराई जा सकी हैं।
अस्पताल में गर्म पानी की व्यवस्था है। वार्डों में एक-एक हीटर लगवाया गया है। जो कंबल शासन से आए थे वो मरीजों को दिए जा रहे हैं। अगर किसी मरीज को कोई समस्या है तो शिकायत कर सकता है, उसे दुरुस्त कराया जाएगा।
-डॉ. एचके मित्रा, सीएमएस, जिला अस्पताल।