रामपुर। नगर पालिका का चौथा बोर्ड प्रस्ताव किसी के गले नहीं उतर रहा है। काफी खामियों के साथ गड़बड़ी की आशंका जताई जा रही है। इसको लेकर अब आरोप-प्रत्यारोप का दौर शुरू हो गया है। ईओ और पालिकाध्यक्ष एक दूसरे के पाले में गेंद फेंकते नजर आ रहे हैं। बताया जा रहा है कि मामले में डीएम ने एसडीएम सदर और सिटी मजिस्ट्रेट को जांच के लिए निर्देश दिए हैं।
नगर पालिका की बोर्ड बैठक में प्रस्ताव संख्या-14 जिसमें सड़कों, नालों, नालियों और पुलियों का निर्माण कार्य प्रस्तावित किया गया है। आरोप है कि इस प्रस्ताव संख्या में कई इंटरलाॅकिंग सड़कें ऐसी प्रस्तावित कर दी गई हैं, जिनका निर्माण पहले से हो चुका है और वह अभी काफी बेहतर है। इसके साथ पुलिया और आरसीसी नाले भी शामिल हैं, जिनको निर्माण करने के काफी समय बाद दोबारा बोर्ड बैठक प्रस्तावित कर दिया गया। अमर उजाला संवाद की पड़ताल में मोहल्ला खानसामा में आरसीसी नाले का निर्माण और इंटरलॉकिंग रोड है जो कि अभी महज एक से दो साल हुए है।
वहीं मोहल्ला बजरिया खानसामा में डॉ. काशिफ के क्लीनिक के सामने पुलिया निर्माण पहले से हो चुका है। वहीं मोहल्ला डायमंड कॉलोनी में आमिर खां पहलवान के मकान से गुड्डू खां के मकान तक इंटरलॉकिंग रोड का निर्माण पूर्व में हो चुका है। इसके साथ बगदादी दरगाह के सामने इंटरलॉकिंग रोड का निर्माण दिया गया है जो पहले से ही बनी हुई थी। इन मोहल्लों में यह विकास कार्य पहले से ही हो चुके हैं। खास बात यह है कि कुछ समय पहले बने होने कारण इनको जीर्णोद्धार भी नहीं किया जाना है। सभी सड़कें, पुलिया और नाले सही सलामत है। अब यह मामला तूल पकड़ने लगा है। नगर पालिका में पालिकाध्यक्ष और ईओ एक दूसरे पर आरोप-प्रत्यारोप लगाते नजर आ रहे हैं।
कर्मचारी बताते हैं कि ईओ ने जेई को मौके का मुआयना करने के लिए भेजा था। वहीं पालिकाध्यक्ष सना मामून की माने तो इस मामले में अब जांच कराई जा रही है। जांच के बाद सत्यता सामने आ सकेगी।