रायबरेली-लखनऊ राष्ट्रीय राजमार्ग पर निगोहा स्थित टोल प्लाजा
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रायबरेली-लखनऊ राष्ट्रीय राजमार्ग पर निगोहा स्थित टोल प्लाजा पर शुक्रवार को राज्यमंत्री मयंकेश्वर शरण सिंह की गाड़ी रोक ली गई। यही नहीं राज्यमंत्री ने इसका विरोध किया तो टोल प्लाजा कर्मियों ने उनके साथ अभद्र व्यवहार भी किया। मामला जानकारी में आने पर रायबरेली जिले की बछरावां पुलिस पहुंची और मैनेजर समेत चार टोल कर्मियों को हिरासत में ले लिया। इसके बाद पुलिस ने सभी का बछरावां कोतवाली लाकर शांतिभंग में चालान कर दिया। एसडीएम महराजगंज ने जमानत नहीं दी और मैनेजर समेत चार टोल कर्मियों को जेल भेज दिया।
तिलोई विधायक एवं राज्यमंत्री मयंकेश्वर शरण सिंह दोपहर करीब 12 बजे लखनऊ से रायबरेली आ रहे थे। उनके साथ पुलिस स्काॅर्ट नहीं थी। हाईवे पर निगोहा स्थित टोल प्लाजा पर टोल कर्मियों ने मंत्री की गाड़ी को रोक लिया। बताया जा रहा है कि मंत्री ने विरोध किया तो टोल कर्मियों ने उनके साथ अभद्रता भी की। बाद में मंत्री ने इसकी सूचना बछरावां पुलिस को दी।
कुछ देर बाद पुलिस मौके पर पहुंच गई और मैनेजर समेत चार टोल कर्मचारियों को पकड़कर कोतवाली लाई। पुलिस ने बिहार निवासी एवं टोल प्लाजा मैनेजर धीरज श्रीवास्तव, खोड़ गांव के बसंत कुमार, उन्नाव जिले के जपसरा गांव निवासी प्रभाकर, बलिया के शीतलखेड़ा गांव निवासी अभिषेक कुमार का धारा 151 में चालान कर दिया। इसके बाद पुलिस ने सभी को महराजगंज एसडीएम के कोर्ट में पेश किया गया। एसडीएम राजेंद्र शुक्ला ने जमानत न देते हुए सभी को जेल भेज दिया। एसडीएम ने बताया कि राज्यमंत्री की गाड़ी रोकने और अभद्र व्यवहार करने पर टोल कर्मियों को जेल भेज दिया गया।
प्रदेश के राज्यमंत्री मयंकेश्वर शरण सिंह की गाड़ी को निगोहा स्थित टोल प्लाजा पर रोक लिया गया है। राज्यमंत्री के साथ अभद्र व्यवहार करने की बात भी सामने आई थी। टोल मैनेजर समेत चार कर्मियों का धारा 151 में चालान करके जेल भेज दिया गया है।
- आलोक प्रियदर्शी, पुलिस अधीक्षक