बेलदार रामसरन तिवारी की हत्या की शुरू की गई पड़ताल में तेजी तो दिख रही है, लेकिन हत्याआरोपियों का नाम और पता लगा पाना खाकी के लिए टेढ़ी खीर साबित हो रहा है। शनिवार को इलाहाबाद से आए एक्सईएन से पुलिस ने घंटों तक पूछताछ की।
पूछताछ में अहम सबूत मिले, लेकिन पुलिस उसका खुलासा नहीं कर रही है। यही नहीं एक्सईएन ने एक ठेकेदार का नाम जिक्र किया है, जिसके वारदात में शामिल होने का संदेह जताया जा रहा है। पुलिस की पूछताछ में एक्सईएन सुरक्षा को लेकर चिंतित दिखे। उनका दो टूक जवाब था कि वारदात के बाद उनके बच्चे घबराए हुए हैं और मुझे सिक्योरिटी चाहिए।
भदोखर थाना क्षेत्र के कोरचंदामऊ निवासी एवं सिंचाई विभाग के बेलदार रामसरन तिवारी (45) की बुधवार की रात उस समय गोली मारकर हत्या कर दी गई थी, जब वह शारदा सहायक खंड 45 के एक्सईएन नियाज अहमद के आवास पर ड्यूटी कर रहा था।
इस मामले में एक्सईएन की तहरीर पर तीन अज्ञात हमलावरों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की गई है। वारदात के बाद से पुलिस एक्सईएन से संपर्क साध रही थी, लेकिन वह इलाहाबाद से यहां दहशत के चलते नहीं आ रहे थे। यहां न आने पर पुलिस टीम इलाहाबाद भेजने की तैयारी की जा रही थी, लेकिन शनिवार को दोपहर बाद एक्सईएन सदर कोतवाली पहुंच गए।
पुलिस ने तीन घंटे से अधिक समय तक एक्सईएन से वारदात की बाबत पूछताछ की। पुलिस सूत्रों की मानें तो एक्सईएन से पूछताछ की गई कि ड्यूटी के दौरान किसी ठेकेदार से टेंडर को लेकर विवाद हुआ था क्या। यदि विवाद हुआ था कि वह ठेकेदार कौन है।
ठेकेदार के साथ अन्य कौन लोग शामिल हैं, जो उनसे किसी बात को लेकर रंजिश रखते रहे हों। सूत्र बताते हैं कि एक ठेकेदार का नाम भी एक्सईएन ने बताया है, जिसका हाथ वारदात में शामिल है। हालांकि पुलिस इसको लेकर चुप्पी साध ली है।
पूछताछ के दौरान एक्सईएन वारदात से घबराए नजर आए। उन्होंने बताया कि उनका परिवार वारदात से घबराया हुआ है और उन्हें सुरक्षा दी जाए। कोतवाल कमलेश पांडेय का कहना है कि एक्सईएन से वारदात की बाबत पूछताछ की गई है। कुछ अहम जानकारियां मिली हैं, जिसके जरिए हत्याआरोपियों की धरपकड़ के प्रयास किए जा रहे हैं। जल्द पूरे प्रकरण का खुलासा किया जाएगा।