पूर्व प्रधान की हत्या और उसकी पत्नी के साथ गैंगरेप की वारदात में भले ही पुलिस के हाथ कोई सटीक सुराग हाथ नहीं लगा, लेकिन उसकी पूरे घटनाक्रम की तफ्तीश करीबियों और बाहरी अपराधियों के बीच ही घूम रही है। पुलिस दर्दनाक वारदात की तह तक जाने के लिए कई बिंदुओं पर जांच कर रही है। मृतक के घर किसका आना जाना था। किसी से रंजिश तो नहीं थी। हालांकि अब तक इस मामले में 24 घंटे से ज्यादा का समय बीत गए हैं, लेकिन पुलिस किसी ठोस नतीजे पर नहीं पहुंच सकी है।
गुरुबख्शगंज थाना क्षेत्र के एक गांव में जिस तरह पूर्व प्रधान की हत्या के बाद उसके पत्नी के साथ गैंगरेप किया गया। पिता को घायल किया गया। इस वारदात से अब भी समूचे क्षेत्र में दहशत है। पुलिस कई बिंदुओं पर जांच कर रही है। इस हत्याकांड में पुलिस मृतक के करीबियों और बाहरी बदमाशों के शामिल होने का शक जाहिर करते हुए तफ्तीश कर रही है।
पुलिस ने कुछ लोगों को हिरासत में लेकर पूछताछ की, लेकिन कोई सुराग हाथ नहीं लगा। शनिवार को भी गुरुबख्शगंज पुलिस जिला अस्पताल में भर्ती गैंगरेप पीड़िता से वारदात की बाबत पूछताछ की। इसके बाद वापस लौट गई। पुलिस यह भी जानने का प्रयास कर रही है कि मृत की किसी से रंजिश तो नहीं थी। बाहरी लोग कौन-कौन घर आते थे। गांव में पुलिस बल तैनात किया गया है।
एक तरफ जहां गैंगरेप का शिकार पीड़िता पुलिस की पूछताछ में दावा कर रही है कि बदमाशों ने स्प्रे डालकर घर के परिवारीजनों को बेहोश कर दिया गया था। वहीं मृत पूर्व प्रधान की भांजी से पूछताछ कुछ चौंकाने वाले तत्थ सामने आए हैं। सूत्रों की मानें तो भांजी की पूछताछ में जानकारी में आ रहा है कि खाना खाने के दौरान ही बेहोशी वाला पदार्थ उसमें मिला दिया गया था। पुलिस पूरी पड़ताल के बाद ही इस मामले में कुछ कहने की बात कह रही है।
मृत पूर्व प्रधान के भाई की ओर से इस मामले में शक के आधार पर गांव के ही गोपाली व रामसजीवन की पत्नी को नामजद किया गया है। पुलिस ने इन नामजद आरोपियों भी वारदात की सच्चाई जानने के लिए पूछताछ शुरू कर दी है। पुलिस वारदात की तह तक जाने के लिए हर बिंदू पर पड़ताल कर रही है।
गैंगरेप का शिकार पीड़िता की मेडिकल रिपोर्ट ने इस वारदात को और जहां उलझा दिया है, वहीं खाकी के लिए परेशानी पैदा कर दी है। सीएमओ डॉ. डीके सिंह का कहना है कि पीड़िता की ओर से गैंगरेप की बात कही जा रही थी। मेडिकल रिपोर्ट में रेप की पुष्टि नहीं हुई है। पीरियड की वजह से घटनास्थल पर खून बिखरा था। एसओ विनोद सिंह का भी कहना है कि मेडिकल में रेप की पुष्टि नहीं हुई है।
एसपी शिवहरि मीणा का कहना है कि पूर्व प्रधान की हत्या और उसकी पत्नी के साथ गैंगरेप के मामले की हर बिंंदु पर तफ्तीश की जा रही है। वारदात में बाहरी अपराधी शामिल हैं, या फिर इसमें करीबियों का हाथ है। इसका सच जल्द सामने होगा और वारदात का खुलासा किया जाएगा। आरोपियों को बख्शा नहीं जाएगा।