गनीमत रही कि गोली बगल से निकल गई। पुलिस ने रिपोर्ट दर्ज करके जांच शुरू कर दी है। मझिलहा गांव निवासी रामसिंह बाग में चबूतरा बनवा रहा था।
इसका गांव के ही लोकेंद्र सिंह ने विरोध किया। इसी खुन्नस में रामसिंह और उसके बेटे शेर बहादुर असलहा और लाठी डंडा लेकर लोकेंद्र के खेत पहुंच गए।
जान से मारने की नियत से लोकेंद्र को दौड़ा लिया। उसके भागने पर शेर बहादुर ने तमंचे से फायर झोंक दिया। गनीमत रही कि गोली उसको नहीं लगी।
गोली चलने से गांव में दहशत फैल गई। जब तक गांव के लोग दौड़कर खेत पहुंचते, तब तक हमलावर भाग निकले। लोकेंद्र सिंह ग्रामीणों के साथ थाने पहुंचा और तहरीर दी।
एसओ पवन कुमार त्रिवेदी ने बताया कि लोकेंद्र सिंह की तहरीर पर शेर बहादुर और रामसिंह के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर ली गई है।
शेर बहादुर जिला पंचायत सदस्य का चुनाव हार गया था। एसओ का कहना है कि जल्द ही आरोपियों को गिरफ्तार किया जाएगा।