विभागीय अफसरों की कोशिशों के बाद भी पुलिस कर्मियों के रवैये में कोई सुधार नहीं आ रहा है। खाकी पहनने के बाद मानो पुलिस कर्मी मानवता और इंसानियत का पाठ भूल जाते हैं।
गुरुवार को सदर सर्किल के मिल एरिया थाने में तैनात एक सिपाही ने किशोर की पहले बेल्ट और लाठी से जमकर पिटाई की। फिर प्लास से उसके कान और अंगुलियां दबाईं कर प्रताड़ित किया।
किशोर रहम की भीख मांगता रहा, लेकिन सिपाही को उस पर दया न आई। बुधवार को पीड़ित अपने साथ किए गए उत्पीड़न की दास्तां एसपी को सुनाने उनके कार्यालय पहुंचा तो घटना का खुलासा हुआ।
मिल एरिया के कचौंदा निवासी बबलू के मुताबिक, उसके चचेरे भाई ने उसे प्रगतिपुरम निवासी एक होटल संचालक के हाथों बेच दिया। इसके बाद संचालक तीन महीने तक उसे बंधक बनाकर प्रगतिपुरम स्थित अपने होटल में काम कराता रहा।
मजदूरी तक नहीं दी। मांगने पर मारपीट करता। आरोप है कि मिल एरिया थाने के एक सिपाही का होटल संचालक के घर आना-जाना है। गुरुवार को किशोर ने होटल से भागने की कोशिश की तो होटल संचालक ने सिपाही को बुला लिया।
सिपाही किशोर पर बिना पेमेंट के काम करने का दबाव बनाने लगा। किशोर के काम करने से मना करने पर सिपाही ने उसे होटल में बंद करके बेल्ट और लाठी से जमकर पीटा।
इससे भी मन नहीं भरा तो प्लास से उसके कान दबाए, जिससे उसके कान से खून निकलने लगा। अंगुलियों के नाखून भी प्लास से दबाया। यही नहीं 500 रुपये और मोबाइल भी छीन लिए।
किसी तरह वह अपनी जान बचाकर वहां से भागा। शुक्रवार को पीड़ित ने एसपी मोहित गुप्ता से मिलकर न्याय की गुहार लगाई। एसपी ने सीओ सिटी सत्यपाल सिंह को जांच के आदेश दिए हैं। एसपी ने कहा कि जांच के बाद सिपाही के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।