शहर में शुक्रवार को अतिक्रमण के खिलाफ जिला प्रशासन का बुल्डोजर जमकर चला। टीम के पहुंचते ही दुकानदारों में अफरातफरी मच गई। अतिक्रमण हटाओ अभियान के तहत करीब 50 दुकानें ध्वस्त की गईं। कई दुकानदार अपना सामान उठाकर भागते नजर आए।
इस बीच अफसरों और दुकानदारों के बीच कई बार नोकझोंक भी हुई। कुछ व्यापारियों ने अफसरों पर धौंस जमाने की कोशिश भी की, लेकिन खाकी की मौजूदगी के कारण उनकी एक न चली। सड़क का अतिक्रमण साफ होने तक बुल्डोजर चलता ही रहा।
उपजिलाधिकारी सदर शैलेंद्र मिश्र की अगुवाई जिला अस्पताल चौराहे से डीएम आवास मार्ग पर अतिक्रमण हटाओ अभियान
चलाया गया। टीम के पहुंचते ही तमाम दुकान अपना सामान समेटने लगे तो कुछ सामान उठाकर वहां से भागने लगे। सड़क के दोनों तरफ पटरियों और नाले के ऊपर चल रही पान, ट्रांसपोर्र्ट व होटलों के स्थायी व अस्थायी कब्जों को अफसरों ने तोड़वा दिया। कई लोगों ने पक्के निर्माण भी करा लिए थे, ये भी ध्वस्त करा दिए गए।
इस बीच कई व्यापारियों ने पक्षपात का आरोप लगाते हुए कार्रवाई का विरोध किया और अभियान को रोकने की मांग की, लेकिन अतिक्रमण हटने तक कार्रवाई नहीं रुकी। इस दौरान नगर पालिका की ओर से नामित नोडल अफसर अपर्णा बाजपेई, सीओ सिटी श्वेता श्रीवास्तव समेत अन्य अफसर उपस्थित रहे।