इन्हौंना (रायबरेली)। अमेठी जिले के शिवरतनगंज और मोहनगंज थाना क्षेत्र में गुरुवार रात डकैतों ने चार घरों के लूटपाट के साथ ही जमकर कहर बरपाया। वारदात के दौरान उन्होंने एक घर में बीडीसी सदस्य और उसकी मां पर केरोसिन छिड़ककर जिंदा जलाने का प्रयास किया। इसके अलावा अन्य घरों में लूटपाट का विरोध करने पर घर के सदस्यों को जमकर धुना, जिससे कई घायल हुए। बीडीसी सदस्य और उसकी मां की हालत गंभीर होने पर अस्पताल में भर्ती कराया गया है। नकदी, गहने, कपड़ा, मोबाइल समेत तीन लाख से अधिक की लूट हुई है। अभी तक मामले की रिपोर्ट दर्ज नहीं हुई है। शिवरतनगंज के शेखन गांव में 10-11 सशस्त्र डकैतों ने सबसे पहले बीडीसी सदस्य रामसनेही के घर धावा बोला। यह गांव कठौरा-सेमराता मार्ग पर पड़ता है। यहां लूटपाट का विरोध करने पर डकैतों ने बीडीसी सदस्य और उसकी मां चंद्रकला की जमकर धुनाई की। गहनों के बारे में पूछा तो नहीं बताया। इस पर डकैतों ने बीडीसी सदस्य और उसकी मां पर घर में ही पिपिया में रखा केरोसिन छिड़क दिया। इससे पहले कि आग लगाते कि मां ने गहने रखने का स्थान बता दिया। इसके बाद डकैत नकदी, गहने लूटकर फरार हो गए। मारपीट में बीडीसी सदस्य और उसकी मां गंभीर रूप से घायल हुई। इसमें उसकी मां का हाथ टूट गया। दोनों को इंडोगल्फ अस्पताल में भर्ती कराया गया है। यहां के बाद इसी गांव के अली हसन के घर डकैतों ने कहर बरपाया। अली और उसकी पत्नी तहरुननिशा, बेटा रिजवान की असलहों की बट से जमकर पिटाई की और एक भूसे की कोठरी में बंद कर दिया। नकदी, गहने लूटपाट करके चलते बने। इसके बाद डकैतों ने सेमरौता-कठौरा मार्ग पर स्थित गांव रुकुनपुर में फौजी मो. रईश खां के यहां धावा बोला। डकैतों ने फौजी के बेटे फुरखान खां की जमकर धुनाई की और तीन हजार रुपये लेकर फरार हो गए। एक कंबाइन से धान काटने वाले श्रमिक सुरजीत का मोबाइल छीन ले गए। इसके बाद डकैतों ने मोहनगंज थाना क्षेत्र के पूरे त्रिवेदी गांव में रजनीश तिवारी के घर पर धावा बोला। डकैतों ने रजनीश व पत्नी साधना तिवारी की जमकर पिटाई की और घर में रखे तीन हजार रुपये नगद, गैस सिलेंडर, सोने की झुमकी, मंगलसूत्र लूट लिया। एक ही रात चार घरों पर हुई डकैती से क्षेत्र में हड़कंप मच गया। सूचना मिलते ही मोहनगंज और शिवरतनगंज पुलिस मौके पर पहुंची। मारपीट में घायल हुए लोगों का इलाज कराया। हालांकि मामले की रिपोर्ट दर्ज नहीं की गई है। पुलिस घटना की जांच में जुटी है।