किसानों का गेहूं खरीदने के लिए जिले में 34 केंद्र चिह्नित किए गए हैं। इन केंद्रों पर 15 मार्च से गेहूं खरीद प्रारंभ हो जाएंगी। किसानों ने इसके लिए पंजीकरण कराना प्रारंभ कर दिया है। अभी तक 433 किसानों ने पंजीकरण भी कराया है।
जिले में धान खरीद अभी चल रही है, मगर शासन ने किसानों की सुविधा के लिए गेहूं खरीद केंद्रों का निर्धारण कर दिया गया है। जिला खाद्य विपणन विभाग ने जिले में 34 केंद्रों को चिह्नित कर किसानों का पंजीकरण प्रारंभ कर दिया है। गेहूं की खरीद 15 मार्च से 15 जून तक की जाएगी। पिछले साल की अपेक्षा 150 रुपये की वृद्धि करते हुए गेहूं का समर्थन मूल्य 2275 रुपये प्रति क्विंटल निर्धारित किया गया है।
गेहूं बेचने वाले किसानों का पंजीकरण शुरू कर दिया गया है। गेहूं बेचने से पूर्व किसी भी जनसुविधा केंद्र, साइबर कैफे, मोबाइल फोन और मोबाइल एप के माध्यम से खाद्य विभाग के पोर्टल www.fcs.up.gov.in पर ऑनलाइन पंजीकरण व नवीनीकरण करा सकते हैं। धान खरीद के लिए पंजीकरण करा चुके किसानों को गेहूं बेचने के लिए दोबारा पंजीकरण कराने की आवश्यकता नहीं है। उन्हें सिर्फ पंजीकरण का नवीनीकरण कराना होगा। गेहूं बेचने के लिए ओटीपी आधारित पंजीकरण की व्यवस्था है। किसान पंजीकरण के लिए मोबाइल नंबर अंकित कराएं और एसएमएस द्वारा भेजे गए ओटीपी को भरकर पंजीकरण प्रक्रिया पूर्ण करें। बिक्री के समय खरीद केंद्रों पर किसान स्वयं उपस्थित न होने पर पंजीकरण प्रपत्र में परिवार के नामित सदस्य का विवरण और आधार नंबर फीड कराना अनिवार्य है।
गेहूं खरीद के लिए 34 केंद्रों को चिह्नित किया गया है, गेहूं बेचने वाले किसानों ने रजिस्ट्रेशन कराना प्रारंभ कर दिया है। अभी तक 433 किसानों ने रजिस्ट्रेशन कराया है। जो किसान इच्छुक हैं, वह अविलंब पंजीकरण करा लें।
जितेंद्र यादव, जिला खाद्य विपणन अधिकारी