भारत छोड़ो आंदोलन दिवस के अवसर पर शुक्रवार को जिला ट्रेड यूनियन काउंसिल (एटक) जिलाधिकारी कार्यालय पर प्रदर्शन कर राष्ट्रपति को संबोधित ज्ञापन सौंपा। कॉर्पोरेट की सेवा में लगी हुई योगी सरकार द्वारा काम के घंटे 12 करने के कानून को विधानमंडल से पारित करने का विरोध किया गया।
राष्ट्रपति के नाम संबोधित ज्ञापन में अनुरोध किया गया कि वह आधुनिक गुलामी को शुरू करने वाले कारखाना (उत्तर प्रदेश संशोधन) विधेयक 2024 को अनुमति न प्रदान करें। प्रदेश की अर्थव्यवस्था को एक ट्रिलियन डॉलर बनाने के नाम पर काम के घंटे 12 करने का लाया कानून अवैधानिक है। यह कारखाना अधिनियम 1948 की धारा 5 का उल्लंघन है।
यह धारा स्पष्ट कहती है कि देश में आपातकालीन स्थिति में ही कोई भी प्रदेश सरकार केंद्र सरकार के कारखाना अधिनियम में संशोधन कर सकती है। मांग पूरी न होने पर आंदोलन की चेतावनी भी दी। इस अवसर जिला ट्रेड यूनियन काउंसिल के महामंत्री एनपी मिश्रा, अजय श्रीवास्तव, राघवेंद्र मिश्रा, महेश सरोज, जितेंद्र पटेल, राम अचल, शिवकुमार सिंह, जितेंद्र पांडेय, मनोज पांडेय मौजूद रहे।