पट्टी कोतवाली के किठौली जलालपुर में एक जुलाई से गायब बालक की गला दबाकर हत्या करने के बाद शव को कुएं में फेंका गया था। शनिवार को पोस्टमार्टम के बाद शव घर पहुंचते ही कोहराम मच गया। पुलिस सात संदिग्धों को हिरासत में लेकर पूछताछ कर रही है।
जलालपुर किठौली निवासी अवधेश का 11 वर्षीय बेटा उमेश एक जुलाई की रात सोते समय अचानक घर से गायब हो गया था। उसकी मां सरस्वती की तहरीर पर पुलिस गुमशुदगी का मुकदमा दर्ज कर खोजबीन करती रही। शुक्रवार को उमेश का शव घर से कुछ दूर कुएं में मिला। शनिवार को शव का पोस्टमार्टम चिकित्सकों के पैनल ने वीडियोग्राफी के बीच किया। सूत्रों के अनुसार बालक की गला दबाकर हत्या की गई थी। हत्यारोपियों ने घटना को अंजाम देने के बाद उसका शव घर से कुछ दूर कुएं में फेंका था। पोस्टमार्टम के बाद शव घर पहुंचते ही कोहराम मच गया। मां, भाई बहन रोते बिलखते रहे। घर से कुछ दूरी पर शव को दफनाया गया। जिसके बाद पुलिस ने राहत की सांस ली। तनाव को देखते हुए पुलिस मुस्तैद थी। पट्टी कोतवाल आलोक कुमार ने बताया कि सात लोगों को हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है। जल्द ही घटना का खुलासा होगा।
बोली मां, मेरे सामने ही बेटे को मार डाला...
मृतक बालक उमेशा की मां सरस्वती बेटे का शव देखते ही बेसुध हो गई। हालांकि सुबह से लेकर दोपहर तक वह कई बार कहती रही उसके सामने ही बेटे को आरोपियों ने मार डाला। सवाल यह उठता है कि यदि उसके सामने बेटे को मार डाला गया तो पुलिस को उसने हकीकत क्यों नहीं बताई। इस बात की चर्चा लोगों की जुबान पर दिन भर रही। ग्रामीणों का कहना है कि इस मामले में बालक की हत्या का राज उसके घर के आसपास ही छिपा है। उसकी हत्या का राज मां सरस्वती व घायल युवक ही जानता है। हालांकि पुलिस के खुलासे के बाद ही हकीकत सामने आएगी।
आरोपियों को सख्त सजा दिलाने की पिता करता रहा मांग
मृतक का पिता अवधेश बार-बार पुलिस से कहता रहा कि साहब मेरे बेटे के हत्यारे को कड़ी से कड़ी सजा मिलनी चाहिए। बाबा मुरली दहाड़ मारकर रोता रहा। मुरली यह भी कहता रहा कि पकड़े गए आरोपियों ने उसके एक बेटे को बहुत पहले मार डाला था। उन्हीं लोगों ने उसके पोते की जान ली है। साहब मुझे कोई आर्थिक सहायता नहीं चाहिए लेकिन आरोपियों को कड़ी से कड़ी सजा मिले।