मंगलवार की शाम राम लीला के समापन पर मेले का आयोजन किया गया। इसमें रावण का वध करने भगवान श्री राम और लक्ष्मण पहुंचे। पुतले में आग लगाने के कुछ देर बाद वह अचानक गिर गया जिससे आतिशबाजी होने लगी।
इससे जमीन पर पड़ी गिट्टिया हवा में उछलने लगीं और अकरम के नौ वर्ष के बेटे वारिस के हाथ व खराद मिस्त्री शंकर विश्वकर्मा को लगीं। इससे मेले में अफरा-तफरी मच गई। मेले में मौजूद पुलिसकर्मियों ने घायलों को उपचार के लिए सीएचसी भेजा। कुछ देर बाद मेले की स्थिति सामान्य हुई।