बेल्हा देवी पुल से पांच दिन पहले सई नदी में कूदे युवक की लाश सोमवार को मिल गई। नदी में कूदने वाला युवक पश्चिमी सहोदरपुर निवासी होटल मैनेजर का बेटा था। परिजनों ने बलुआ घाट पर पहुंचकर शर्ट से शव की शिनाख्त की। बेल्हा देवी पुल से 13 अगस्त को सई नदी में एक युवक कूद गया था। काफी प्रयास के बाद भी उसे नदी से निकाला नहीं जा सका और वह गहरे पानी में डूब गया। फायर ब्रिगेड की टीम ने पुलिस की मदद से दूसरे दिन भी कोशिश की, लेकिन कामयाबी हाथ नहीं लगी। इसके बाद पुलिस ने उसकी तलाश ही बंद कर दी। रविवार शाम नगर कोतवाली के महुआर बलुआ घाट के करीब एक युवक का शव लोगों ने देखा।
सोमवार की सुबह शव देखने के लिए आसपास के लोगों का मजमा लग गया। जलचर प्राणी उसके चेहरे को पूरी तरह से खा चुके थे। इस बीच पश्चिमी सहोदरपुर सीताराम गली निवासी राकेश यादव पहुंचा और शव के कपड़ों को देखकर उसकी पहचान अपने बेटे सचिन यादव उर्फ शोभित के रूप में की। सूचना मिलने पर शहर कोतवाल अनिल कुमार व चौकी प्रभारी दिनेश यादव भी मौके पर पहुंच गए। मृतक का पिता राकेश स्टेशन रोड स्थित एक होटल में मैनेजर के रूप में कार्यरत है। उसने बताया कि सचिन 12 अगस्त की शाम दवा लेने के लिए घर से निकला था, लेकिन देर शाम तक नहीं लौटा। काफी खोजबीन के बाद भी पता नहीं लगा। घर पर उसके कमरे से खोजबीन के बाद एक सुसाइड नोट मिला था। जिसमें बीमारी से तंग आकर आत्महत्या करने की बात सचिन ने लिखी थी। परिवार के लोग उसके इस कदम से हैरान हैं।