हीट स्ट्रोक का कहर, आठ लोग पहुंचे अस्पताल
-डायरिया पीड़ितों की भरमार, पारा लुढ़का पर तपिश बरकार, सता रही है उमस
संवाद न्यूज एजेंसी
प्रतापगढ़। भीषण गर्मी से धरती जहां तप रही है वहीं लोग उबल रहे हैं। बादलों की वजह से तापमान असंतुलित है, पर उमस भरी गर्मी सता रही है। बुधवार को 24 घंटे के भीतर हीट स्ट्रोक पीड़ित आठ लोग गंभीर हालत में राजा प्रताप बहादुर चिकित्सालय पहुंचे। डायरिया पीड़ितों की भरमार है। पूर्वानुमान है कि अगले 72 घंट मौसम उठापटक वाला बना रहेगा। इस दौरान आंधी संग बारिश के भी आसार हैं।
गर्मी के कहर से नदियां सूखने के कगार पर हैं। तालाब, डैम और अन्य जलाशयों का जलस्तर भी तेजी से घट रहा है। दिन में लू चलने से चेहरा झुलस रहा है। बीमार होकर लोग अस्पताल पहुंच रहे हैं। इस भीषण गर्मी में बिजली संकट ने तो लोगों को और परेशान कर रखा है। हालांकि बुधवार को मंगलवार की अपेक्षा तापमान में गिरावट दर्ज की गई। न्यूनतम तापमान बढ़ने से रातें गर्म हो गई हैं। अधिकतम तापमान 42.9 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 33.6 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया।
तापमान में वृद्धि के साथ ही दिन में लू का भी प्रकोप है। बाहर निकले लोग हीट स्ट्रोक का शिकार होकर अस्पताल पहुंच रहे हैं। मंगलवार को राजा प्रताप बहादुर चिकित्सालय में 8 मरीज पहुंचे। बुधवार को इनकी संख्या कम रही। सभी पीड़ितों को भर्ती कर इलाज शुरू किया गया। वहीं डायरिया के साथ लू के चपेट में आने वाले 69 मरीजों को चिकित्सकों ने ओपीडी से दवा देकर घर भेज दिया।
उमस भरी गर्मी होने के कारण घर-घर कूलर और पंखे चल रहे हैं। कुछ लोगों के घरों में एसी चल रहे हैँ। विद्युत भार बढ़ने से बिजली की आंखमिचौली भी जारी है। बिजली बार बार कट जा रही है। फीडर ट्रिप कर रहे हैं। तेज हवा चलने के कारण शार्ट सर्किट की आशंका से बचने के लिए उपकेंद्र से विद्युत आपूर्ति बाधित की जा रही है। बिजली कटौती की यह स्थिति गर्मी में लोगों को व्याकुल कर रही है।
मौसम विज्ञानी देशराज मीना ने बताया कि अगले तीन दिन तक बदरी, बूंदी के आसार हैं। तापक्रम बढ़ने की वजह से मौसम में बदलाव संभावित है। धूल भरी आंधी की भी संभावना बनी है। चक्रवाती हवाओं का जोर बना तो आंधी-बारिश फौरी तौर पर तपिश से राहत दिला सकती है।