कुंडा के कमासिन बाजार में रविवार रात हथियारबंद बदमाशों ने निमंत्रण से लौट रहे महमदपुर गांव के प्रधानपति 49 वर्षीय राजेश सिंह को गोलियों से भून डाला, जिससे मौके पर उनकी मौत हो गई। दस से अधिक बदमाशों ने उनकी स्कार्पियो को चारों तरफ से घेरकर पहले बम से हमला किया। इसके बाद अंधाधुंध गोलियां चलाईं। इतने से भी मन नहीं भरा तो प्रधानपति को गाड़ी से खींचकर गोलियां मारी गईं। बम हमले से अनियंत्रित होकर गाड़ी एक छप्परनुमा दुकान में घुस गई। गोली लगने से चालक और प्रधानपति का प्राइवेट गनर भी गंभीर रूप से जख्मी हो गए। इस बीच मौका पाकर ड्राइवर गाड़ी लेकर चकवढ़ गांव की तरफ भाग निकला। बदमाशों ने उसका पीछा किया लेकिन गांव में घुसने के बाद भाग निकले। प्रधानपति की गाड़ी से बदमाशों ने डेढ़ लाख नकदी और लाइसेंसी पिस्टल भी लूट ले गए। मृतक के भाई की तहरीर पर 17 नामजद लोगों पर रिपोर्ट दर्ज की गई है। उधर, गोली लगने से घायल चालक और गनर का इलाहाबाद में इलाज चल रहा है।
बाघराय थाना क्षेत्र के तिवारी महमदपुर गांव निवासी राजेश सिंह की पत्नी पूनम सिंह प्रधान हैं। राजेश सिंह का पैतृक घर कोड़राजीत में है। राजेश अक्सर अपने इलाहाबाद स्थित घर पर रहते थे। रविवार की रात में वह तिवारी महमदपुर में राजमणि के घर निमंत्रण में शामिल होने गए थे। उनकी स्कार्पियो में 28 वर्षीय ड्राइवर सोनू सिंह पुत्र सुरेंद्र सिंह निवासी अर्रो सहसों इलाहाबाद, प्राइवेट गनर 35 वर्षीय धीरज सिंह पुत्र राजकुमार सिंह व उनके गांव के ही 45 वर्षीय सत्यपाल वर्मा पुत्र रामखेलावन वर्मा मौजूद थे। करीब साढ़े दस बजे सभी वहां से निकले। कुछ दूर चलने पर कमासिन बाजार में उनकी गाड़ी को 10-12 हथियारबंद लोगों ने घेर लिया और एक के बाद एक दस बम फेंके। इससे गाड़ी अनियंत्रित होकर रजनू तिवारी की छप्परनुमा दुकान में घुस गई। गाड़ी पर चारों तरफ से गोलियां बरसाई जाने लगीं। करीब तीस राउंड ताबड़तोड़ फायरिंग की गई। गोली लगने से चालक सोनू सिंह, राजेश सिंह और धीरज घायल हो गए। थोड़ी देर बाद हमलावरों ने राजेश सिंह व धीरज सिंह को नीचे उतार लिया। इसके बाद उन्हें फिर गोली मारी। इससे राजेश की मौके पर ही मौत हो गई। इस बीच मौका पाकर ड्राइवर सोनू गाड़ी लेकर भागने लगा। बदमाशों ने उसका पीछा किया, लेकिन वह गाड़ी लेकर चकवढ़ गांव में घुस गया।