प्रतापगढ़ से दिल्ली जाने वाली पद्मावत एक्सप्रेस की अनारक्षित कोच में सीट बेचने के आरोप में कोचिंग डिपो अधिकारी कार्यालय (सीडीओ) के कर्मचारी पर आखिरकार गाज गिर ही गई। काफी समय से इस धंधे में लिप्त कर्मचारी हरिकेश को पद्मावत एक्सप्रेस की पैड लाकिंग से हटा दिया गया है। कर्मचारी के खिलाफ जीआरपी के दरोगा और यात्रियों ने शिकायत की थी।
शिकायत मिलने पर दामन बचाने के लिए सीडीओ दिनेश यादव ने कार्रवाई करते हुए हरिकेश को हटा दिया गया। जीआरपी दरोगा राहुल द्विवेदी ने शिकायत की थी कि सीडीओ कार्यालय का कर्मचारी हरिकेश वाशिंग लाइन में खड़ी पद्मावत एक्सप्रेस के जनरल कोच में पैसा लेकर सवारी बैठाने का काम करता है। इस गोरखधंधे में विभाग के लोग भी शामिल हैं। यात्रियों ने भी कई बार इसकी शिकायत की। इस बारे में उनके स्तर से कई बार सीडीओ और एसएस को अवगत कराया गया। मगर जिम्मेदार कार्रवाई से बचते रहे।
चेकिंग के दौरान उपनिरीक्षक राहुल द्विवेदी ने दो दिन पहले पद्मावत में हरिकेश को पैसा लेकर सवारी बैठाते देखा तो वे उस पर भड़क उठे। उन्होंने फौरन इसकी लिखित शिकायत एसएस से कर दी। एसएस से सीडीओ दिनेश यादव को यह पत्र भेज दिया। सीडीओ ने मामले की गंभीरता को देखते हुए हरिकेश को ड्यूटी से हटाने का निर्देश दिया। निर्देश का पालन करते हुए जेई वीबी शुक्ला ने शुक्रवार को हरिकेश को ड्यूटी से हटा दिया। उन्होंने बताया कि हरिकेश के खिलाफ पैसा लेकर बर्थ देने का आरोप यात्रियों और जीआरपी के दरोगा राहुल द्विवेदी ने लगाया था। उन्होंने इसकी शिकायत एसएस से की थी।