जनपद अब अपराधगढ़ बनता जा रहा है। शहर हो या ग्रामीण अंचल। कुछ दिनों की शांति के बाद फिर बड़ी वारदात हो जाती है। पुलिस भाड़े पर हत्या करने वाले शूटरों व लुटेरों पर काबू नहीं पा रही है। जिले में आए दिन बदमाश सनसनीखेज वारदात पर वारदात अंजाम दे रहे हैं। हत्या करने वाले शूटर और सनसनीखेज लूट को अंजाम देने वाले बदमाश पुलिस के हाथ नहीं लग रहे। जिले में रोडवेज परिसर में जून वर्ष 2015 में बदमाश एक कंपनी कैशियर को गोली मारकर दस लाख रुपये लूटकर भाग निकले थे। काफी दिनों बाद पुलिस घटना का खुलासा कर सकी। मानधाता थाना क्षेत्र के गजेहड़ा में कुछ दिनों पहले बदमाशों ने ट्रक को लूट लिया था। फतनपुर में सरिया लदे ट्रक को अपना शिकार बनाया। लालगंज में धान से भरे ट्रक को लूट लिया। पट्टी कोतवाली में 28 मार्च को भाई-बहन को तमंचे के बल पर बदमाशों ने लूट लिया। चिलबिला रेलवे क्रासिंग के करीब अमेठी के चिकित्सक पीके सिंह की गोली मारकर हत्या कर दी गई। पुलिस इस केस को भी नहीं खोल सकी। हाल ही में 15 मार्च को कचहरी आ रहे अधिवक्ता जवाहरलाल मिश्र को पूरे ओझा के करीब शूटरों ने गोली मारकर मौत के घाट उतार दिया। घटना के पंद्रह दिन बीत जाने के बाद भी शूटर पुलिस के हाथ नहीं लग सके।