इससे लाखों रुपये का सामान राख हो गया। आग बुझाने के लिए फायरब्रिगेड की तीन गाड़ियां बुलानी पड़ीं जो तीन घंटे बाद आग पर काबू पा सकीं। आग बुझाने के दौरान हाईवे पर जाम के हालात रहे।
धर्मशाला वार्ड निवासी अशोक खंडेलवाल किराने के थोक कारोबारी हैं। इलाहाबाद-फैजाबाद हाईवे पर अपने तीन मंजिला मकान के नीचे उन्होंने अंडरग्राउंड गोदाम बना रखा है। रविवार सुबह करीब सात बजे गोदाम से धुआं उठने लगा। कुछ देर बाद धुआं बंद हुआ तो सभी अपने काम में व्यस्त हो गए। करीब सवा सात बजे गोदाम से धुआं व आग की लपटें उठने लगीं तो हड़कंप मच गया। आग बुझा पाने में नाकाम रहने पर लोगों ने फायरब्रिगेड को सूचना दी। सूचना पर फायरब्रिगेड के साथ ही पुलिस भी पहुंची। करीब तीन घंटे तक फायरब्रिगेड की तीन गाड़ियां आग बुझाने में पसीना बहातीं रहीं। फायरब्रिगेड के जवानों ने पहले रोशनदान की जाली तोड़कर भीतर पानी फेंका। धुंआ कुछ कम हुआ तो गोदाम में उतरने वाली सीढ़ी के करीब जाकर आग बुझाई। घटना से इलाके में अफरा-तफरी का माहौल कायम हो गया। हाईवे पर जाम के हालात बन गए थे। प्रभारी अगिभनशमन अधिकारी महेंद्र कुमार ने बताया कि शार्ट सर्किट के कारण गोदाम में आग लग गई थी। आग लगने से क्षति का आंकलन किया जा रहा है। गोदाम में किराने का सामान व कुछ सूखी लकड़िया रखीं थीं। वैसे दो लाख से अधिक का सामान जला है।