शनिवार को शहर में बाइक सवार युवकों की अंधाधुंध फायरिंग से लोग दहल उठ गए। बराछा के बाद पुलिस अधीक्षक आवास के करीब गोलियों की तड़तड़ाहट से लोग जान बचाकर भागते रहे। सूचना मिलने पर पहुंची पुलिस हमलावरों को खोजती रही। मकान में छिपे दो युवकों को पुलिस अपने साथ ले गई। जानकारी मिलते ही अपर पुलिस अधीक्षक पूर्वी भी घटनास्थल पर पहुंचे। मातहतों को फायरिंग करने वालों को दबोचने का निर्देश सुनाया।
पुलिस से बेखौफ बाइकर्स युवकों ने दो घंटे के भीतर बेगुनाह लोगों की जान खतरे में डाली। शनिवार की शाम करीब 4 बजे दो बाइक से पहुंचे पांच युवक गैस गोदाम के करीब अंशू पांडेय पुत्र सत्य प्रकाश पांडेय को खोजने लगे। उसके न मिलने पर बाइक सवार युवक अंधाधुध फायरिंग करने लगे। गोलियों की आवाज सुनकर ग्रामीण दौड़ पड़े। ग्रामीणों को आता देख फायरिंग करने वाले युवक भाग निकले। कुछ लोगों ने पीछा भी किया लेकिन वे हाथ नहीं लगे। जानकारी के बाद सीओ सिटी शशि शेखर दीक्षित दलबल के साथ मौके पर पहुंचे। जानकारी के बाद फायरिंग करने वाले युवकों की तलाश में पुलिस को लगाया।
इस घटना के बाद ठीक दो घंटे बाद पुलिस अधीक्षक आवास के करीब तीन बाइक पर सवार छह युवक पहुंचे। उनकी बाइकें सदर बाजार की ओर जाने के लिए खड़ी थी। अचानक वे असलहा निकालकर बाइक पर बैठे हुए फायरिंग करने लगे। यह देख लोग दुकानें बंदकर छिप गए। चाय पान की दुकानों पर बैठे लोग जान बचाने के लिए अपने घरों की ओर भागे। करीब दस राउंड फायरिंग करने के बाद युवक सदर बाजार की ओर भागे। मोहल्ले के लोग शोर मचाते हुए पीछा किया।
घटना की जानकारी के बाद पहुंची पुलिस ने मकान में छिपे दो युवकों को बाइक समेत अपने साथ ले गई। सूचना मिलने पर अपर पुलिस अधीक्षक पूर्वी स्वामीनाथ भी दलबल के साथ पहुंचे। उन्होंने फायरिंग करने वाले युवकों की तलाश कर कार्रवाई के लिए कोतवाली पुलिस को निर्देशित किया। इन सबके बीच यदि कोतवाली पुलिस अलर्ट रहती तो फायरिंग करने वाले युवकों की मंशा कामयाब न होती।