लक्ष्मणपुर विकासखंड के कैथाडांडी गांव में कोटेदार के चयन को लेकर हो रही खुली बैठक में हंगामा हो गया। दो पक्षों के बीच मारपीट हुई। जिसमें कई लोग घायल हो गए। इसके चलते प्रक्रिया पूरी किए बिना ही ब्लाककर्मी लौट गए। इसे लेकर पूरे गांव में तनाव बना हुआ है। शिकायत के बाद पहुंची पुलिस मामले की छानबीन कर रही है। कैथाडांडी के कोटेदार उदयराज दुबे का 30 जनवरी को निधन हो गया। इससे गांव में कोटे की दुकान रिक्त चल रही थी। उसे सिंधौर से अटैच कर दिया गया था। उपजिलाधिकारी लालगंज ने बीडीओ लक्ष्मणपुर को कोटे के चयन के लिए 21 मार्च को खुली बैठक कराने का निर्देश दिया था। सोमवार को गांव में स्थित प्राथमिक विद्यालय में ग्राम विकास अधिकारी हरीश पांडेय की देखरेख में प्रक्रिया प्रारंभ हुई। इस दौरान एडीओ पंचायत समेत दूसरे अधिकारी व प्रधान मौजूद रहे।
इस बीच किसी बात को लेकर दो गुटों के बीच कहासुनी होने लगी। राशन की दुकान के प्रत्याशी धनेंद्र वर्मा से विवाद के दौरान दोनों पक्षों के बीच तनातनी व्याप्त हो गई। कोटे के दूसरे प्रत्याशी कुंवर प्रताप सिंह व धनेंद्र से विवाद के दौरान मारपीट होने लगी। इस दौरान कई लोगों को चोटें आईं। धनेंद्र का आरोप है कि मारपीट के दौरान उसके कपड़े फट गए और उसे चोटें आईं। उसका मोबाइल भी गायब हो गया। मारपीट होती देख बैठक में भगदड़ मच गई। एडीओ पंचायत समेत दूसरे कर्मचारी भी जान बचाकर भाग निकले। इस मामले में लोगों ने मौखिक शिकायत पुलिस से की। पुलिस मामले की छानबीन कर रही है। एडीओ पंचायत ने बताया कि अब दोबारा बैठक का दिन निर्धारित किया जाएगा। इस बार पुलिस फोर्स की मौजूदगी में बैठक कराई जाएगी, ताकि इस तरह की घटना की पुनरावृत्ति न हो सके।