अंतू थाना क्षेत्र के त्रिलोकपुर बिसई के पूर्व प्रधान ने साथी से रुपये के लेनदेन को लेकर हुई तकरार के बाद लाइसेंसी बंदूक से गोली मारकर खुदकुशी कर ली। बेटे की सूचना पर पहुंची पुलिस ने पूर्व प्रधान के साथी ठेकेदार को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू कर दी। पुलिस ने मौके से डीबीबीएल बंदूक को कब्जे में ले लिया।
अंतू थाना क्षेत्र के त्रिलोकपुर बिसई निवासी कमलकिशोर मिश्रा (42) पुत्र रामकल्प मिश्रा 2010 में प्रधान निर्वाचित हुए थे। उनका शहर के शिवजीपुरम गायत्री नगर में भी मकान था। वह परिवार के साथ यहीं रहते थे। मंगलवार की रात वह परिवार के साथ अपने मकान में सोने की तैयारी कर रहे थे। पुलिस के मुताबिक रात करीब सवा 11 बजे कमलकिशोर का साथी करनपुर करमचंदा निवासी ठेकेदार सोनू सिंह नशे की हालत में उनके घर पहुंचा। वह सात माह पहले कमल को दिए गए रुपये मांगने लगा। जिसे लेकर सोनू की कमल व उसके बच्चों से तकरार भी हुई। करीब पौने बारह बजे कमलकिशोर घर के भीतर पहुंचे और लाइसेंसी डीबीबीएल बंदूक को गले से सटाकर ट्रिगर दबा दिया। फायर की आवाज सुनकर परिवार के लोग कमरे की ओर भागे। देखा तो कमल खून से लथपथ तड़प रहे थे। गोली लगने से चेहरा व सिर का एक हिस्सा उड़ गया था। यह देख लोग रोने-बिलखने लगे। आसपास के लोग भी पहुंच गए। इस बीच साथी ठेकेदार वहां से चला गया था।
मौके पर पहुंची पुलिस ने बंदूक को अपने कब्जे में ले लिया। परिजनों से पूछताछ के बाद पुलिस ने सोनू के घर दबिश दी और उसे हिरासत में ले लिया और मृतक पूर्व प्रधान के शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। इस मामले में मृतक पूर्व प्रधान के बेटे दुर्गेश मिश्र ने बताया कि उसके पिता की मानसिक हालत ठीक नहीं थी। उन्होंने रात पौने बारह बजे गोली मारकर खुदकुशी कर ली। नगर कोतवाल ने बताया कि ठेेकेदार सोनू ने कमल को लाखों रुपये दिए थे। जिसे वसूलने के लिए सोनू उनके घर गया था। जहां रुपये को लेकर उनके बीच कहासुनी हुई। इससे क्षुब्ध होकर पूर्व प्रधान ने गोली मारकर अपनी जान दे दी। बंदूक व एक खोखा बरामद हुआ है। ठेकेदार सोनू सिंह से घटना को लेकर पूछताछ की जा रही है।