नगर कोतवाली के पूरेरायजू से आए दलितों ने गुरुवार को न्याय के लिए डीएम आवास का घेराव किया। सैकड़ों की संख्या में आए महिलाओं, बच्चों और पुरुषों का आरोप था कि 21 अक्तूबर को गांव के ही दबंगों ने दलित परिवार पर कहर ढाया। घर में घुसकर लूटपाट करने के साथ ही आधा दर्जन लोगों को धारदार हथियार से मारकर गंभीर रूप से घायल कर दिया। पुलिस मुकदमा दर्ज करने के बजाय आरोपियों का बचाव कर रही है।
गुरुवार को डीएम आवास पर उस समय सैकड़ों दलित पहुंच गए जब डीएम चुनाव आयुक्त की वीडियो क्रांफ्रेंसिंग में थे। मुख्य द्वार पर मौजूद सुरक्षा कर्मियों ने डीएम के नहीं होने की जानकारी देकर हटाना चाहा, मगर वह काफी समय तक डटे रहे। दलित गीता देवी का आरोप था कि 21 अक्तूबर को घर में घुसकर दबंगों ने लूटपाट करने के साथ ही गृहस्थी के सामान को तहस-नहस कर दिया। धारदार हथियार से मार कर आधा दर्जन लोगों को घायल कर दिया, जिनका अभी इलाज चल रहा है। कोतवाली में तहरीर देने पर इंस्पेक्टर धारा करने के लिए दबाव बना रहे हैं।
घटना के चार दिन बीतने के बाद भी अभी तक मुकदमा नहीं दर्ज किया गया है। घेराव की जानकारी होने पर कलेक्ट्रेट से आए एसडीएम ने ज्ञापन लेकर मुकदमा दर्ज करने का आश्वासन देने पर ग्रामीण घरों के लिए रवाना हुए। इस मौके पर धर्मेंद्र सरोज, राजेश कुमार, मुन्नालाल, मेवालाल, लक्खू देवी, सुखराजी, लालती, मीरा देवी, मधुरा देवी, प्रेमा देवी, लीलावती, उर्मिला आदि मौजूद रहीं।