चालक को बंधक बनाकर ट्रक से लूटे गए लाखों के धान के बरामद होने के बाद पुलिस खेल करते हुए आरोपियाें को बचाने में जुट गई है। चालक से तहरीर लेकर अज्ञात चोरों के खिलाफ लूट का केस दर्ज कर लिया। जबकि प्राथमिक विद्यालय व राइसमिल समेत होमगार्ड के घर से लूटा गया चावल बरामद हुआ था। हरदोई जिले के हरियावां, थाना क्षेत्र के बसवा समुई निवासी रईस पुत्र सिफाकतउल्ला ट्रक चालक है। बीती आठ फरवरी को वह इलाहाबाद के मऊआइमा से नई दिल्ली के नरेला मंडी के लिए 290 बोरी धान लादकर निकला था। लालगंज कोतवाली क्षेत्र के लीलापुर इलाके में रात को बोलेरो सवार बदमाशों ने चालक को बंधक बनाकर ट्रक कब्जे में ले लिया। लुटेरों ने धान नारायनपुर गांव में उतार लिया और जीप पर बंधक बनाए गए ट्रक चालक को काफी दूर ले जाकर रायबरेली इलाके में छोड़ दिया।
इसकी जानकारी पुलिस को हुई तो ट्रक में लगे जीपीएस सिस्टम से लोकेशन ट्रेस कर नारायनपुर गांव के प्राथमिक विद्यालय के अतिरिक्त कक्ष, राइसमिल समेत होमगार्ड अमित पांडेय के घर से लूटा गया माल शनिवार को बरामद कर लिया गया। लूट का धान यहां कैसे पहुंच गया, देर रात तक पुलिस इस पड़ताल में जुटी रही। होमगार्ड के घर तथा प्राथमिक विद्यालय व राइसमिल से लूट का सामान बरामद हुआ। इससे साफ है कि होमगार्ड व गांव के कुछ लोगों की संलिप्तता लूट में थी। इसके बाद भी पुलिस ने सीधे कार्रवाई करने के बजाए खेल कर दिया। चालक रईस की तहरीर पर धान लूट के मामले में चार अज्ञात बोलेरो सवार बदमाशों के खिलाफ केस दर्ज कर लिया। सवाल यह उठता है कि जब लूट का माल घर से बरामद हो रहा है तो उसके बाद भी चालक से नामजद रिपोर्ट क्यों नही दर्ज कराई गई। पुलिस के खेल से स्पष्ट है कि आरोपियों को बचाने का भरसक प्रयास किया जा रहा है। इस बारे में प्रभारी कोतवाल से बात करने का प्रयास किया गया, लेकिन फोन रिसीव नहीं हुआ।