स्थानीय बाबा धाम में बुधवार को कोटेदार की मौत के बाद जमकर हुए बवाल के बाद माह भर चलने वाले अधिमास मेले की रौनक गायब हो गई। दर्शन के बाद श्रद्धालु घर लौट गए। दुकानें बंद रहीं और मेले में आए झूले भी नहीं चले। घुइसरनाथ स्थित भगवान शिव के मंदिर परिसर में एक माह तक चलने वाले अधिमास मेले के दौरान क्षेत्रीय दुकानदारों के साथ-साथ आसपास के जनपदों से भी दुकानदार आते हैं। समूचा परिसर दुकानों से पटा पड़ा रहता है। बच्चों के मनोरंजन के लिए विभिन्न प्रकार के झूले भी मेले में आकर्षण का केंद्र रहते हैं।
अधिमास मेले के दौरान दिनभर यहां चहलपहल रहती है। मगर बुधवार को कोटेदार की मौत के बाद जिस कदर उपद्रव हुआ, उससे दुकानदारों के साथ मेले में आने वाले लोग भी सहम गए। घटना के बाद बौखलाए पुलिस कर्मियों ने बुधवार को जमकर लाठियां भांजीं। मेले में बवालियों को दौड़ा-दौड़ा कर पीटा गया। पुलिसिया कार्रवाई की जद में मेला देखने आए लोगों के साथ श्रद्धालु और दुकानदार भी आ गए। गुरुवार को इसका असर भी साफ देखने को मिला। अधिमास मेले की रौनक बवाल के बाद पूरी तरह से गायब हो गई। दर्शन करने श्रद्धालुओं की भीड़ सुबह जरूर जुटी, लेकिन दर्शन के बाद वह भी सीधे अपनेे घरों को रवाना हो गए। पूरे मंदिर परिसर में सन्नाटा पसरा रहा। अधिकतर दुकानदार भी अनहोनी की आशंका के चलते दुकानें बंद कर मेला क्षेत्र से निकल गए।