मानधाता थाना क्षेत्र के शोभीपुर तिवारीपुर गांव में शुक्रवार सुबह बांस की कोठ को लेकर दो समुदायों के बीच हो रहे झगड़े और फायरिंग के दौरान बीचबचाव करने पहुुंचे मुस्तकीम (45) की गोली मारकर हत्या कर दी गई। फायरिंग के दौरान गोली लगने से एक युवक भी घायल हो गया। खबर मिलते ही एसपी, एएसपी, सीओ के साथ कई थानों की फोर्स मौके पर पहुंच गई। घायल को जिला अस्पताल में भर्ती कराने के बाद मृतक के शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया। मुस्तकीम का शव जब घर पहुंचा तो गुस्साए परिजनों ने आरोपी के घर पर हमला बोल दिया और जमकर तोड़फोड़ की।
मानधाता थाना के शोभीपुर तिवारीपुर गांव निवासी अफसर अली (32) पुत्र स्व. शमीउल्ला की हैंसी जयचन्द्र गांव में बांस की कोठ है। शुक्रवार सुबह करीब छह बजे हैंसी जयचन्द्र गांव निवासी आशीष सिंह, धर्मेन्द्र, अमरेन्द्र सिंह अभयराज सिंह, राधेश्याम, रामलखन सिंह उसकी कोठ से बांस काट रहे थे। इसकी जानकारी अफसर अली की मां अमीना बेगम को हुई तो वह मौके पर पहुंचकर विरोध करने लगी। इस दौरान आरोपियों से उसकी कहासुनी होने लगी। मां से विवाद होने की जानकारी मिलते ही अफसर अली भी पहुंच गया। उसके पहुंचते ही बांस काट रहे आरोपियों ने उस पर फायर झोंक दिया। गोली लगते ही वह खून से लथपथ होकर जमीन पर गिर पड़ा। फायर की आवाज सुनते ही अफसर अली के पड़ोसी मुस्तकीम (45) पुत्र मोहम्मद रऊफ मौके पर पहुंच गए।
वह आरोपियों के हाथ से तमंचा छीनने लगे। इस दौरान हमलावरों ने उन्हें भी गोली मार दी और तमंचा लहराते हुए भाग निकले। खबर मिलते ही जेठवारा पुलिस, सीओ रानीगंज, एएसपी व एसपी के साथ कई थानों की फोर्स मौके पर पहुंच गई। पुलिस ने गोली से घायल दोनों लोगों को जिला अस्पताल पहुंचाया। यहां चिकित्सकों ने मुस्तकीम को मृत घोषित कर दिया। अफसर की हालत नाजुक देखकर इलाहाबाद रेफर कर दिया। मानधाता पुलिस ने मुस्तकीम के भाई आलमीन की तहरीर पर आरोपियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर उनकी खोजबीन शुरू कर दी है। पुलिस दो आरोपियों की गिरफ्तारी का दावा कर रही है। उधर, पोस्टमार्टम के बाद जब शव घर लाया गया तो तनाव की स्थिति बन गई। इस दौरान सोरांव, होलागढ़ के साथ चार थानों की फोर्स को गांव में तैनात कर दिया गया है।