बिजली ठीक करने के लिए शटडाउन लेकर खंभे पर चढ़े संविदाकर्मी लाइनमैन की करंट से हुई मौत को लेकर कोहड़ौर में हाईवे पर प्रदर्शन कर रही भीड़ मंगलवार रात पुलिस के लाठीचार्ज करने के बाद उग्र हो गई। रात करीब सवा नौ बजे जाम खुलवाने के लिए पुलिस ने लोगों पर लाठियां चला दीं। जिससे गुस्साई भीड़ ने पथराव शुरू कर दिया। इससे पुलिस बैकफुट पर आ गई। आक्रोशित लोगों ने आरोपी लाइनमैन नवाब अली के घर के बाहर खड़ी बाइक को आग के हवाले कर दिया। दुकान में तोड़फोड़ की। पथराव में सवारियों से भरी बोलेरो क्षतिग्रस्त हो गई। बवाल की सूचना पर दस थानों की फोर्स मृतक लाइनमैन का शव लेकर दूसरे रास्ते से किसी तरह हाईवे से उसके घर पहुंची। तनाव को देखते हुए गांव के बाहर भारी फोर्स जमा रही।
कोहड़ौर थाना क्षेत्र के फूलपुर निवासी प्रमोद सरोज पुत्र राजेंद्र कुमार नरहरपुर विद्युत उपकेंद्र पर संविदाकर्मी लाइनमैन के पद पर तैनात था। सोमवार को वह उपकेंद्र से शटडाउन लेकर फाल्ट ठीक करने के लिए खंभे पर चढ़ा था। इस बीच आपूर्ति चालू कर दी। जिससे प्रमोद खंभे पर ही चिपक गया। उसको खंभे से उतारकर इलाहाबाद ले जाया गया, जहां डाक्टरों ने मृत घोषित कर दिया। मंगलवार को पोस्टमार्टम के बाद परिजन शव लेकर लौटे तो कोहड़ौर बाजार में इलाहाबाद-फैजाबाद राजमार्ग पर हजारों लोग जमा हो गए। कार्रवाई की मांग को लेकर लोगों ने जाम लगा दिया। मृतक लाइनमैन के पिता का आरोप था कि उपकेंद्र के एसएसओ पवन कुमार, लाइनमैन नवाब अली व उसका बेटा सलमान की लापरवाही के चलते प्रमोद की जान गई। घरवाले पुलिस को तहरीर देकर तीनों पर हत्या का मुकदमा दर्ज करने की मांग करने लगे। उधर, भीड़ के चलते हाईवे पर भीषण जाम लग गया। काफी प्रयास के बाद भी लोग पीछे हटने के लिए तैयार नहीं थे। पांच घंटे तक हाईवे पर लगे जाम को खुलवा पाने में नाकाम पुलिस ने रात करीब सवा नौ बजे लाठीचार्ज कर दिया। जिससे भगदड़ मच गई। इससे गुस्साई भीड़ ने पथराव शुरू कर दिया। जिससे पुलिस पीछे हट गई। करीब पंद्रह मिनट तक पथराव होता रहा। यात्रियों से भरी बोलेरो पथराव में क्षतिग्रस्त हो गई। अंधेरा होने के कारण पुलिस ने मृतक लाइनमैन का शव हाईवे से हटवाकर जीप में रखवा लिया। पथराव थमने के बाद दस थानों की फोर्स शव को जीप से लेकर दूसरे रास्ते से मृतक के घर के लिए रवाना हो गई। इधर, भीड़ ने कोहड़ौर पावर हाउस के करीब लाइनमैन नवाब अली के घर के बाहर खड़ी बाइक, साइकिल और तखत में आग लगा दी। उसकी आटाचक्की में तोड़फोड़ की। जिससे परिजन सहम गए और मदद के लिए गुहार लगाने लगे। आसपास के लोगों के हस्तक्षेप पर उपद्रवी वहां से हटे। सीओ सिटी सुधीर कुमार ने बताया कि लाठीचार्ज की बात गलत है। हालात नियंत्रण में हैं।