मानधाता के सहेरुआ में बैंक से करीब आठ लाख रुपये लूटने वाले बदमाशों को पकड़ने के लिए एसटीएफ समेत पुलिस की 6 टीमें लगाई गईं हैं। 102 घंटा बीतने के बाद भी नतीजा शून्य है। पुलिस की छानबीन में अभी तक यह बात सामने आई है कि बैंक लूटने आए बदमाश बाहरी थे लेकिन उनकी मदद लोकल बदमाशों ने कया है। यहां तक कि रास्ते में बदमाशों ने बाइक भी बदल दिया। जिससे पुलिस के शिकंजे में वह न फंसे।
मानधाता के सहेरुआ स्थित बैंक आफ बड़ौदा में 5 दिसंबर को दिनदहाड़े बाइक सवार बदमाश लगभग आठ लाख रुपये लूटकर भागने में कामयाब रहे। आईजी मोहित अग्रवाल और पुलिस अधीक्षक एस आनंद लुटेरों को पकड़ने के लिए पुलिस की 6 टीमें गठित की। रानीगंज सीओ रमेशचंद्र, मानधाता , रानीगंज, नगर कोतवाली, स्वाट टीम, सार्विलांस टीम के अलावा एसटीएफ की टीम लुटेरों को पकड़ने लिए लगाई गई। घटना के 102 घंटें बीत जाने के बाद भी लुटेरों को पकड़ने वाली पुलिस का हाथ खाली है।
केवल संदिग्ध बदमाशों की धरपकड़ कर पुलिस पूछताछ में ही समय गंवा रही है। हिरासत में लिए गए संदिग्ध बदमाशों से पूछताछ के बाद यह बात सामने आई है कि प्रयागराज के मऊआइमा के बदमाश भी घटना में शामिल हो सकते हैं। जिले के रानीगंज, मानधाता व जेठवारा इलाके के बदमाश भी घटना शामिल हैं। सूत्रों की मानें तो भागने के दौरान बदमाशों ने अपने दूसरे साथियों की मदद से बाइक बदल दी थी।
लोकल बदमाशों की मदद के चलते घटना को अंजाम देने वाले बदमाश मानधाता से लेकर रानीगंज थाना क्षेत्र की सीमा में रुके भी रहे। एएसपी पूर्वी अवनीश मिश्रा ने बताया कि पुलिस टीमें लगी हुई हैं। कई संदिग्धों को हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है। सीसीटीवी फुटेज के जरिए बदमाशों के हुलिए से उन्हें चिन्हित करने का प्रयास जारी है।
मानधाता में हुई बैंक लूट का खुलासा करने में जुटी पुलिस अब वांछित व क्षेत्र के अपराधियों की शरण में पहुंच गई है। इलाके के लोगों की मानें तो पुलिस लुटेरों को पकड़ने के लिए वांछित चल रहे बदमाशों से मेलजोल बढ़ा दिया है। जबकि ऐसे लोगों की पहले पुलिस को तलाश रहती थी। एक पुलिस अफसर का मेलजोल भी खूब चर्चा में है।
विश्वनाथगंज। सहेरुआ स्थित बैंक आफ बड़ौदा में हुई लूट की घटना का सीसीटीवी फुटेज लेने के लिए शुक्रवार को फिर स्वाट टीम प्रभारी बैंक पहुंचे। पुलिस ने फिर से फुटेज को अपने कब्जे में लिया। एटीएम के फुटेज को भी मोबाइल में कैद करने के बाद लुटेरों को चिन्हित करने में पुलिस टीम माथापच्ची करने लगी।