अभ्युदय कोचिंग के कोर्स समन्वयक डीपी पांडेय के खिलाफ आरोपों की जांच सोमवार को प्रभारी सीडीओ कृष्ण कुमार करेंगे। जांच के दौरान विद्यार्थियों को भी उपस्थित रहने का निर्देश दिया गया है।
एमडीपीजी कॉलेज में संचालित अभ्युदय कोचिंग की शुरुआत वर्ष 2023 में हुई है। पहले बैच के विद्यार्थियों का आरोप है कि सिविल सेवा परीक्षा के पाठ्यक्रम को पूरा किए बिना कोचिंग बंद कर दी गई। नए सत्र में उनका दाखिला भी नहीं लिया गया। पहले बैच की महिला विद्यार्थियों का आरोप है कि उनका व्यवहार महिला अभ्यर्थियों के प्रति गलत था। डीएम संजीव रंजन ने शिकायत का संज्ञान लेकर जांच का निर्देश दिया है। कोर्स समन्वयक पर फर्जी दिव्यांग प्रमाण पत्र बनवाकर रोडवेज बस से यात्रा करने का आरोप भी विद्यार्थियों ने लगाया है। पूर्व में हुई जांच के दौरान विद्यार्थी उपस्थित नहीं थे। समाज कल्याण अधिकारी नागेंद्र मौर्य जांच कर रिपोर्ट प्रभारी सीडीओ को सौंप दी। विद्यार्थियों का आरोप था कि उनकी अनुपस्थिति की बगैर जांच करना गलत है। शिकायत का संज्ञान लेने के बाद प्रभारी सीडीओ कृष्ण कुमार ने दोबारा जांच करने का निर्देश दिया है। सोमवार की दोपहर 12 बजे एमडीपीजी कॉलेज स्थित अभ्युदय कोचिंग में विद्यार्थियों को साक्ष्य के साथ उपस्थित होने का निर्देश दिया गया है।