भाजपा से नगरपालिका अध्यक्ष पद के टिकट के लिए बृहस्पतिवार को 19 दावेदारों ने परीक्षा दी। राज्यमंत्री मयंकेश्वर शरण सिंह व चुनाव प्रभारी सीता शरण ने दावेदारों से न सिर्फ नगरपालिका के वार्ड, मतदाता, जनसंख्या पर सवाल किए, बल्कि टिकट न मिलने पर उनके रुख पर भी सवाल दागा। इस स्क्रीनिंग के कारण खासी गहमागहमी बनी रही।
नगर पालिका व नगर पंचायतों के अध्यक्ष व वार्ड सदस्यों की आरक्षण सूची जारी होने के बाद निकाय चुनाव की गहमागहमी बढ़ गई है। नगरपालिका अध्यक्ष पद के टिकट के लिए भाजपा में घमासान मचा हुआ है। अभी तक अध्यक्ष पद के टिकट के लिए 19 नेताओं ने दावेदारी की है।
टेऊंगा स्थित भाजपा कार्यालय पर टिकट के दावेदारों की मौखिक परीक्षा हुई। सियासी परीक्षा लेने के लिए दोपहर 12 बजे राज्यमंत्री मयंकेश्वर शरण सिंह व निकाय चुनाव प्रभारी सीता शरण भाजपा कार्यालय पहुंचे। इधर दावेदार के आने का निकाय चुनाव की नब्ज टटोलने पहुंचे नेताओं ने दावेदार श्याम सुंदर टाऊ, वरुण प्रताप सिंह, रवि गुप्ता, शिवानी मातनहेलिया, राजेश सिंह, राम आसरे पाल, विजय सिंह, सुनील गोयल व दिनेश सिंह दिन्नू सहित 19 दावेदारों को बारी- बारी से केबिन में बुलाया।
उनसे सवाल कर नगरपालिका में वार्ड, मतदाता की संख्या की जानकारी लेेने के साथ ही पिछले चुनाव के जीत व हार का आंकलन भी किया। टिकट न मिलने पर उनके रुख का सवाल भी दागा। दावेदारों ने संगठन के लिए किए गए अपने कार्यों की फाइल प्रस्तुत की। राज्यमंत्री मयंकेश्वर शरण सिंह सभी दावेदारों की रिपोर्ट तैयार कर अपने साथ ले गए।
नए चेहरे व युवाओं को टिकट देने की भी हुई वकालत
नगर पालिका परिषद बेल्हा पर 25 वर्षों से पूर्व विधायक हरि प्रताप सिंह व उनके परिवार का कब्जा है। वह खुद बीस वर्षों तक नगर पालिका के अध्यक्ष रहे। मौजूदा समय में उनकी पत्नी प्रेमलता सिंह चेयरमैन हैं। पार्टी कार्यालय पर दावेदारों की परीक्षा लेने आए नेताओं के सामने दावेदारों समेत कुछ पदाधिकारियों ने भी बदलाव की वकालत की। इस बात की चर्चा कार्यालय से लेकर पार्टी के पदाधिकारियों के बीच होती रही। लोगों का कहना है कि अब युवाओं को मौका मिलना चाहिए।