शनिवार को नो एंट्री के समय दिन में करीब डेढ़ बजे गौहनिया चौराहे पर गुजरते ओवरहाइट गन्ने से भरे ट्?
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पीलीभीत। गौहनिया चौराहे पर बृहस्पतिवार को हादसे में एक व्यक्ति की मौत के बाद पुलिस-प्रशासन ने शुक्रवार को ही गन्ने से भरे ट्रकों के लिए नो एंट्री का समय फिर निर्धारित किया था। तय हुआ था कि सुबह सात से दस और दोपहर 12 से शाम पांच बजे तक ट्रक शहर में प्रवेश नहीं करेंगे। एक दिन ही बीता था कि शनिवार को ट्रक चालकों ने नियमों की धज्जियां उड़ा दीं। पुलिस मूकदर्शक बनी रही और धड़ल्ले से गन्ने से भरे ट्रक नो एंट्री के समय में शहर में प्रवेश करते चल गए।
यहां बता दें कि टनकपुर हाईवे पर काफी संख्या में स्कूल हैं। दिन में एक बजे के आसपास स्कूलों की छुट्टी होती है। ऐेसे मेें करीब दस हजार से ज्यादा स्कूली बच्चे निकलते हैं। हादसे के बाद बच्चों ने इस समयावधि में ट्रकों के शहर में प्रवेश पर कड़ाई से रोक लगाने की मांग की थी। इसको देखते हुए प्रशासन ने शुक्रवार को ट्रकों के शहर में प्रवेश का समय परिवर्तित किया था। सुबह सात से दस और दिन में 12 बजे से शाम पांच बजे तक शहर में ट्रकों व अन्य भारी वाहनों के प्रवेश पर रोक लगा दी थी। लेकिन यह व्यवस्था 24 घंटे भी नहीं टिक सकी। शनिवार को दोपहर करीब एक बजे गन्ने से भरे ट्रक स्कूलों के पास से गुजरे, जबकि इस दौरान स्कूलों की छुट्टी भी हो गई थी और काफी संख्या में बच्चे घर लौट रहे थे।
ट्रैफिक पुलिस से लेकर सुनगढ़ी थाना पुलिस तक सड़कों पर ट्रकों को आते-जाते देखती रही लेकिन किसी ने कार्रवाई नहीं की। इस संबंध में टीएसआई निर्देश चौहान ने कहा कि सख्ती बरती जाएगी, नो एंट्री के समय में अगर ट्रक शहर में दिखते हैं तो उनपर कार्रवाई की जाएगी।