बुधवार को फुलइैया फार्म निवासी रविंद्र सिंह बेदी के खेत पर मजदूर सुबह गन्ना छीलने गए थे। इस दौरान मजदूरों ने गन्ने के पास वाले खेत में खड़ी मटर की फसल में बाघ की चहलकदमी देखी। इस पर मजदूर काम छोड़कर शोर मचाते हुए खेत से भाग गए। उन्होंने फार्मर के घर पहुंचकर बाघ होने की सूचना दी, जिस पर ग्रामीणों को साथ ट्रैक्टर लेकर खेत पर पहुंचे। यहां उन्हें बाघ तो नहीं मिला, लेकिन मटर के खेत में बाघ के पंजों के निशान मिले, जो खेत से होते हुए उत्तराखंड की सीमा पर बहने वाले नाले तक स्पष्ट नजर आ रहे थे। खेतों में बाघ दिखने से ग्रामीणों में दहशत है।