बिलहरी गांव निवासी बृजेंद्र अवस्थी की पशुशाला के करीब से बाघ निकलने पर पशुशाला में बंधे पशु रंभाने लगे। शोर शराबा पर बाघ समीप स्थित बांसी के झुंड में घुस गया। बृहस्पतिवार को एक खेत से निकले बाघ ने कुत्ते को अपना निवाला बना लिया। बृजेंद्र अवस्थी का घर गांव के एक किनारे पर है। उनके पुत्र राहुल अवस्थी ने बताया कि आधी रात को घर के समीप गन्ने के खेत से निकला बाघ उनकी पशुशाला के करीब तक आया। पशुओं के रंभाने पर कर्मचारी वीर सिंह ने शोर शराबा किया। इस पर बाघ घर के समीप बांसी के झुंड में घुस गया। उन्होंने बताया की बृहस्पतिवार को दोपहर गांव के समीप उनके गन्ना के खेत से निकले बाघ ने रास्ते से निकल रहे एक कुत्ते को अपना निवाला बना लिया। बाघ की चहल कदमी से गांव के लोग दहशत में है।