खेत की रखवाली करने गए युवक पर बाघ ने हमला कर उसे मार डाला। फिर बाघ उसे गन्ने के खेत में खींच ले गया। काफी देर तक घर न पहुंचने पर घर के लोगों व पड़ोसियों ने तलाश शुरू की। एक खेत के बाहर खून पड़ा होने पर गांव वालों को शक हुआ। खेत में अंदर देखा तो उसका शव पड़ा हुआ था। पास में ही बाघ भी बैठा बताया जा रहा है। वन विभाग की टीम को सूचना दी गई है। माधोटांडा थाना क्षेत्र के गांव पिपरिया संतोष निवासी नेवाराम का पुत्र राजीव (17) सोमवार शाम लगभग चार बजे खेत पर गया था। अंधेरा होने तक घर न आने पर परिजनों को चिंता हुई तो उसकी तलाश शुरू की। काफी तलाशने के बाद गांव के ही सियाराम के गन्ने के खेत के किनारे खून पड़ा देखा गया। साथ ही किसी के अंदर घसीटे जाने के निशान दिखे। इस पर गांव वालों को बाघ के हमले का शक हुआ। तुरंत ट्रैक्टर ट्रालियों से लोग खेत पर पहुंचे और ट्रैक्टर की लाइटें जलाकर गन्ने के खेत में देखा तो राजीव का शव पड़ा हुआ दिखा। शव के पास ही बाघ बैठा बताया जा रहा है। कुछ दिन पहले ही बाघ ने गांव में एक व्यक्ति को निवाला बनाया था। बाघ के हमले से दूसरे व्यक्ति की मौत से ग्रामीणों में नाराजगी है। उन्होंने गन्ने के खेत को ट्रैक्टर ट्रालियां लगाकर घेर लिया। पुलिस मौके पर पहुंच गई है जबकि वन विभाग की टीम नौ बजे तक नहीं पहुंच सकी थी। डीएफओ कैलाश प्रकाश ने बताया कि घटना की जानकारी मिली है। टीम मौके पर पहुंच रही है।