वर्ष 1991 में दस सिखों की हत्या का मामला
फैसले के खिलाफ अपील करने के लिए सीबीआई को मिलेगा 60 दिन का समय
सीबीआई के अपील में न जाने पर पीड़ित पक्ष तीसरे महीने जाएगा सुप्रीम कोर्ट
पीलीभीत। वर्ष 1991 में दस सिखों की हत्या के मामले में आजीवन कारावास की सजा को सात-सात साल की सजा करने के इलाहाबाद हाईकोर्ट की लखनऊ बेंच के फैसले के खिलाफ पीड़ित पक्ष सुप्रीम कोर्ट जाएगा। सीबीआई राज्य सरकार की तरफ से वादी है। इसलिए पहले उसे आदेश के खिलाफ सुप्रीम कोर्ट में अपील में जाने के लिए कहा जाएगा। अगर वह नहीं जाती है तो पीड़ित पक्ष अपील करेगा।
पीड़ित पक्ष की पैरवी करने वाले यूनाइटेड अकाली दल उत्तर प्रदेश के अध्यक्ष हरजिंदर सिंह कहलो ने बताया कि शुक्रवार की सुबह ही उनकी रिटायर्ड जस्टिम आरएस सोढ़ी से बात हो गई है। रिटायर्ड जस्टिस आरएस सोढ़ी 1991 में अधिवक्ता थे। घटना के बाद उन्होंने सुप्रीम कोर्ट में अपील की थी, जिसके बाद सुप्रीम कोर्ट ने इस मामले की जांच सीबीआई को करने के निर्देश दिए थे। इसके बाद सीबीआई जांच में सभी 57 पुलिसकर्मी दोषी पाए गए और उन्हें आजीवन कारावास की सजा हुई।
कहलो के अनुसार रिटायर्ड जस्टिस ने उन्हें बताया कि इलाहाबाद हाईकोर्ट के आदेश के खिलाफ सबसे पहले सीबीआई को अपील करनी होगी। अपील के लिए 90 दिन की मोहलत दी जाती है। 60 दिन का समय वह सीबीआई को देंगे। अगर सीबीआई इस मामले में 60 दिन तक आदेश के खिलाफ सुप्रीम कोर्ट नहीं जाती है तो इसके बाद वह पीड़ित पक्ष की तरफ से सुप्रीम कोर्ट में फैसले के खिलाफ अपील करेंगे।
मरते दम तक पीड़ित परिवारों के साथ रहेंगे
पीलीभीत। सिख हत्याकांड के मुख्य गवाह मेजर सिंह और महेंद्र सिंह का कहना है कि आखिरी दम तक वह पीड़ितों के साथ खड़े रहेंगे। सुप्रीम कोर्ट में अपील के दौरान अगर उनकी गवाही की जरूरत होगी तो वह वहां जाकर भी गवाही देंगे।
गजरौला के बैवहा फार्म मालिक मेजर सिंह ने बताया कि घटना के कुछ माह बाद सीबीआई यहां आई थी। उन्होंने एक-एक बात बता दी थी। घटना से पहले युवकों को पकड़कर ले जाते देखा था। कुछ देर बाद पता चला कि पुलिस ने एनकाउंटर में उन्हें मार डाला। घटना के बाद पुलिस ने उनको दबाव में लेना शुरू कर दिया। मगर हिम्मत नहीं हारी और लखनऊ जाकर गवाही दी।
दूसरे गवाह महेंद्र सिंह ने बताया कि तमाम दबाव के बाद भी उन्होंने सीबीआई कोर्ट में गवाही दी। अब अगर जरूरत पड़ी तो वह सुप्रीम कोर्ट में जाकर भी गवाही देंगे।