पीलीभीत। मझोला से चंदोई तक बनाए जा रहे करीब 21 किलोमीटर लंबे मार्ग का निर्माण ठेकेदार ने बीच में ही छोड़ दिया है। छह माह से कार्य अधूरा पड़ा है। ऐसे में जर्जर मार्ग पर सफर करने में लोगों को परेशानी का सामना करने पड़ रहा है। अब तक कई लोग गिरकर चोटिल भी हो चुके हैं। विभाग की ओर से भी ठोस कदम उठाने के बजाए सिर्फ नोटिस जारी किए जा रहे हैं।
मझोला-चंदोई मार्ग की हालत लंबे समय से जर्जर है। 21 किलोमीटर लंबे मार्ग से सिरसा, नाकूड़, भिखारीपुर, धनकुना समेत 15 गांवों के करीब 50 हजार लोगों की आवाजाही रहती है। खस्ताहाल मार्ग की समस्या को लेकर क्षेत्रीय लोगों ने आवाज उठाई। इसके बाद लोक निर्माण विभाग की ओर से शासन को प्रस्ताव भेजा गया।
करीब आठ माह पूर्व शासन ने इस मार्ग के हाटमिक्स से चौड़ीकरण को मंजूरी दी। इसके लिए 46 करोड़ रुपये का बजट मंजूर किया गया। किस्त जारी होने के बाद टेंडर आमंत्रित होने के बाद ठेकेदार ने निर्माण शुरू किया। शुरुआत में कुछ क्षेत्र में मार्ग की दोनों ओर खोदाई कराकर कार्य को बंद कर दिया गया।
करीब छह माह बीतने के बाद भी कार्य शुरू नहीं हो सका है। अधूरा मार्ग राहगीरों के लिए मुसीबत का सबब बना हुआ है। अधिकतर क्षेत्र गहरे गड्ढों में तब्दील है। क्षेत्रीय लोगों का कहना है कि कई बार विभागीय अफसरों से शिकायत की गई, लेकिन कोई समाधान नहीं हो सका। परेशान होकर अब कुछ लोगों ने मुख्यमंत्री को शिकायती पत्र भेजा गया है।
आए दिन हो रहे हादसें, कई के टूटे हाथ और पैर
क्षेत्रीय लोगाें का कहना है कि मार्ग की जर्जर स्थिति मुसीबत बनी हुई है। आए दिन बाइक सवार गिरकर चोटिल हो रहे हैं। दो माह पूर्व दहगला के निकट बाइक गिरने से युवक का हाथ टूट गया था तो रम्पुरिया के निकट भी ई-रिक्शा के गिरने से युवक का पैर टूट गया था। हादसों का सिलसिला लगातार जारी है।
नोेटिस तक सीमित है विभागीय कार्रवाई
बजट मंजूर होने के साथ ही नियमानुसार कार्य की शुरुआत की गई लेकिन खोदाई के चंद दिनों के बाद ही कार्य रोक दिया गया। छह माह से स्थिति जस की तस है, बावजूद इसके विभाग की ओर से कोई ठोस कदम नहीं उठाया जा रहा है। विभागीय अफसर कार्रवाई के नाम पर नोटिस जारी करने तक सीमित है। ऐसे में कार्य की शुरुआत नहीं हो पा रही है।
मार्ग के दोनों ओर कई जगह नाले का निर्माण भी अधूरा
इस मार्ग पर नाले का निर्माण भी होना था। इसके निर्माण में भी लापरवाही बरती गई। खोदाई के बाद निर्माण अधूरा छोड़ दिया गया। इससे लोगों की मुश्किलें और भी बढ़ गई। बारिश में स्थिति और भी खराब होने की आशंका जताई जा रही है।
बोले लोग- जोखिम भरा है मार्ग से गुजरना
मझोला-चंदोई मार्ग के निर्माण कार्य लंबे समय से अधूरा पड़ा है। खस्ताहाल स्थिति होने से मार्ग से गुजरना जोखिम भरा है।
- सतविंदर सिंह
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मार्ग के निर्माण के लिए बजट मंजूर हो गया, लेकिन कार्य अधूरा पड़ा है। आए दिन राहगीर चोटिल हो रहे हैं। अफसरों को ध्यान देने की जरूरत है।
- गुरप्रीत सिंह
लापरवाही को लेकर ठेकेदार को नोटिस जारी किया गया है। बारिश से पहले अधूरे कार्य को पूरा करने के निर्देश दिए गए हैं। इसके साथ ही ठेकेदार पर विभागीय कार्रवाई की संस्तुति कर शासन को रिपोर्ट भेजी गई है।
- राजेश चौधरी, अधिशासी अभियंता, लोक निर्माण विभाग
मझोला से चंदोई जाने वाला मार्ग । संवाद
मझोला से चंदोई जाने वाला मार्ग । संवाद