पीलीभीत। उद्योग व्यापार प्रतिनिधिमंडल ने वित्त मंत्री को संबोधित ज्ञापन डीएम संजय कुमार सिंह को सौंपा। ज्ञापन में टैक्स दरों में कटौती, आयकर सीमा बढ़ाने सहित कई मांगों को रखा गया है।
जिलाध्यक्ष अफ़रोज़ जिलानी के निर्देश पर उद्योग व्यापार प्रतिनिधिमंडल के पदाधिकारियों ने मंगलवार को डीएम से मिलकर उनको ज्ञापन दिया। ज्ञापन में कहा गया है कि बाढ़ से हुए व्यापारियों के नुकसान का मुआवजा, टैक्स दरों में कटौती, आयकर सीमा बढ़ाने, जीएसटी का सरलीकरण एवं दरों में कटौती, अनाज सहित रोज खाने वाली चीजों, वस्तुओं से टैक्स हटाने, व्यापारियों का जीवन बीमा, निरंतर टैक्स भरने वाले को पेंशन दिलाने सहित कई मांगों को रखा गया।
ज्ञापन देने वालों में जिलाध्यक्ष अफरोज जिलानी पंकज अग्रवाल, अनिल महेंद्रु , रणवीर पाठक, शैली शर्मा, आरके शर्मा आदि शामिल रहे।
व्यापारियों ने एसडीएम को दिया ज्ञापन
बीसलपुर। उद्योग व्यापार मंडल से जुड़े व्यापारियों ने मंगलवार को तहसील कार्यालय में एसडीएम महिपाल सिंह को केंद्रीय वित्त मंत्री को संबोधित 15 सूत्री ज्ञापन सौंपा।
ज्ञापन में आयकर रिटर्न भरने की तारीख बढ़ाकर 31 दिसंबर किए जाने, बाढ़ में जिन व्यापारियों का नुकसान हुआ है उन्हें मुआवजा दिलाए जाने, 30 साल से लगातार आयकर रिटर्न भरने वाले व्यापारियों को पेंशन दिलाए जाने, पारित होने वाले बजट में व्यापारियों के हितों को ध्यान में रखे जाने और आयकर में व्यापारियों को 10 लाख तक की छूट दिए जाने आदि मांगें शामिल हैं।
ज्ञापन देने वालों में उद्योग व्यापार मंडल के नगर अध्यक्ष मित्तल, अरविंद अग्रवाल, वासुदेव गंगवार, विनोद कुमार, मयंक अग्रवाल आदि शामिल रहे। संवाद
बजट में सुविधाओं के लिए एसडीएम को ज्ञापन सौंपे
पूरनपुर। बजट में सुविधाएं बढ़वाने की मांग को लेकर व्यापारियों ने 15 सूत्री ज्ञापन एसडीएम और तहसीलदार को सौंपा। ज्ञापन में बजट में नकद लेनदेन की सीमा एक लाख करने, आयकर में छूट बढ़ाकर 10 लाख करने, दो दशक से रिटर्न भरने वाले व्यापारियों को 40 हजार रुपये प्रतिमाह पेंशन देने की मांग की गई।
उत्तर प्रदेश व्यापार प्रतिनिधि मंडल के प्रांतीय संयुक्त महासचिव विजयपाल विक्की और नगराध्यक्ष प्रदीप शुक्ला के नेतृत्व में अलग-अलग ज्ञापन एसडीएम राजेश कुमार शुक्ला और तहसीलदार वीरेंद्र कुमार को सौंपे गए। ज्ञापनों में बाढ़ से व्यापारियों को हुए नुकसान का आकलन कराकर मुआवजा दिलाने, बढ़ती मंहगाई पर नकद लेनदेन की सीमा एक लाख रुपये करने, आयकर मेें छूट बढ़ाकर 10 लाख रुपये करने, आयकर और जीएसटी देने वाले व्यापारी परिवार के लिए शिक्षा, स्वास्थ्य की मुफ्त सुविधा कराने की मांग की गई।
इसके अलावा जीएसटी का सरलीकरण कर विभिन्नता समाप्त कराने, दैनिक इस्तेमाल की चीजों अनाज, कपड़ा आदि से जीएसटी समाप्त कराने, 20 साल से रिटर्न भरने वाले व्यापारियों को 40 हजार रुपये मासिक पेंशन दिलाने, नए घरेलू, कुटीर उद्योगों को 10 साल तक जीएसटी, इनकम टैक्स से छूट दिलाने, व्यापारी की मौत पर 10 लाख रुपये का मुआवजा दिलाने, आयुष्मान कार्ड की भांति व्यापारियों को भी 10 लाख रुपये का स्वास्थ्य लाभ दिलाने, मंडी समिति को समाप्त कराने, इनकम टैक्स रिटर्न भरने की अंतिम तिथि 31 दिसंबर कराने की मांग की गई। ज्ञापन देने वालों में दीपक बंसल, इमरान, रवि जायसवाल, मयंक सक्सेना, डॉ. उमाशंकर, अखिलेश शर्मा आदि मौजूद रहे।
मांंगों को लेकर व्यापारियों ने एसडीएम को दिया ज्ञापन
अमरिया में भी उद्योग व्यापार प्रतिनिधिमंडल ने उपजिलाधिकारी अजीत प्रताप सिंह को वित्त मंत्री के नाम संबोधित ज्ञापन दिया। जिसमें बाढ़ से हुए व्यापारियों के नुकसान का मुआवजा, टैक्स दरों में कटौती, आयकर सीमा बढ़ाने, जीएसटी का सरलीकरण एवं दरों में कटौती, अनाज सहित रोजमर्रा की वस्तुओं पर टैक्स हटाने की मांग की गई। इस मौके पर व्यापार मंडल अध्यक्ष असगर अली, इमरान कादरी, जहीर मलिक, मदन लाल गुप्ता आदि मौजूद रहे।