बरखेड़ा। खेत पर चारा लेने गई विवाहिता पर अचानक मधुमक्खियों ने हमला कर दिया। चीखने चिल्लाने की आवाज सुनकर खेतों पर काम कर रहे लोगों ने बमुश्किल उन्हें बचाया। उन्हें कस्बे के एक निजी अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टराें ने उन्हें मृत घोषित कर दिया।
कस्बा के वार्ड नंबर दो के रहने वाले कामता प्रसाद ने बताया कि उनकी पत्नी ऊषा देवी रोजाना की तरह रविवार की शाम चार बजे पास में ही स्थित खेत पर पशुओं के लिए चारा लेने गईं थीं। वह वहां पर चारा काट रहीं थीं। इसी दौरान कहीं से मधुमक्खियों का झुंड आ गया और हमला बोल दिया। ऊषा जोरजोर से चिल्लाने लगी। आसपास खेतों पर काम कर रहे लोग व उसका बेटा मोहित और प्रेमशंकर आवाज सुनकर जब वहां पर पहुंचे तो देखा कि महिला पर मधुमक्खियां बुरी तरह से चिपकी हुईं थीं। महिला बेहोश हो चुकी थी। फिर वहां पर पहुंचे लोगों ने पास में पड़े घास फूंस व पुआल को जलाकर धुंआ किया। इसके बाद मधुमक्खियां वहां से भागीं। महिला को बेहोशी की हालत में ही निजी अस्पताल ले जाया गया। जहां डॉक्टर ने उसे मृत घोषित कर दिया। बाद में परिजन अपनी संतुष्टि के लिए उसे सीएचसी बरखेड़ा लेकर गए। वहां भी डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। सूचना मिलते ही बरखेड़ा पुलिस भी पहुंच गई। मगर कामता प्रसाद ने कानूनी कार्रवाई से मना कर दिया। इसके बाद पुलिस वहां से चली आई। महिला के दो बेटे व एक बेटी है। अभी किसी की शादी नहीं हुई है।