गांव गहलुइया निवासी वसील अहमद की दो वर्षीय पुत्री शनिवार अपरान्ह करीब साढ़े तीन बजे लापता हो गई थी। बालिका के देरशाम तक न मिलने पर इसकी सूचना रात करीब आठ बजे पुलिस को दी गई। बालिका को ढूंढने के लिए पुलिस पूरी रात जुटी रही। एसपी ने मामले को गंभीरता से संज्ञान में लेकर बालिका की शीघ्र तलाश करने के निर्देश कोतवाली पुलिस को दिए। पुलिस पार्टियां बनाकर रवाना की गईं। दूसरे दिन रविवार को गांव की मजार पर बालिका को लेकर पहुुंचे नगर के मोहल्ला रजागंज निवासी एक दंपति को लोगों ने पकड़कर पुलिस को सौंप दिया। पुलिस दंपति से पूछताछ कर रही है। उधर, आरोपी दंपति का कहना है कि शनिवार को वह मजार पर मत्था टेकने आए थे। इस दौरान बालिका उसके पीछे चल दी। रविवार को बालिका को मजार लेकर पहुंचे। ताकि बालिका के परिवार वालों की जानकारी कर उन्हें सुपुर्द किया जा सके। उधर, बालिका के मिलने पर पुलिस और बालिका के परिवार वालों ने राहत की सांस ली। इंस्पेक्टर शक्ति सिंह ने बताया कि बालिका के साथ आने की जानकारी दंपति को पुलिस को देनी चाहिए थी। दंपति की भूमिका संदिग्ध लग रही है। पूछताछ के बाद कार्रवाई होगी। उधर, वसील अहमद ने बालिका मिलने पर कार्रवाई से इनकार किया है।