पीलीभीत। स्वशासी राज्य चिकित्सा महाविद्यालय में 16 अक्तूबर से फाउंडेशन कोर्स शुरू हो जाएगा, वहीं चार नवंबर से एमबीबीएस की कक्षाओं की शुरुआत होगी। अब तक 50 विद्यार्थी यहां प्रवेश ले पहुंच चुके हैं। फाउंडेशन कोर्स में विद्यार्थियों को गांवों और जिला अस्पताल का भ्रमण कराया जाएगा। साथ ही नए स्टाफ को प्रशिक्षण दिया जाएगा।
महाविद्यालय को इस वर्ष अगस्त माह में 100 सीटों पर एमबीबीएस की पढ़ाई शुरू करने के लिए मान्यता मिली थी। इनपर 50 से अधिक विद्यार्थियों ने दाखिला लिया। जिसमें केंद्रीय कोटे की 15 सीटों पर नीट काउंसलिंग से दाखिला दिया गया।
बरेली, दिल्ली, बिहार, उत्तराखंड, लखनऊ आदि के विद्यार्थियों को छात्रावास आवंटित कर दिया गया है। नया कॉलेज होने की वजह से विद्यार्थी शुरू मेंं यहां पर दाखिला लेने में हिचकिचाए लेकिन बाद में इनकी संख्या बढ़ती चली गई। अब 16 अक्तबूर से यहां पर एमबीबीएस के विद्यार्थियों के लिए फाउंडेशन कोर्स शुरू हो जाएगा।
एक कमरे में दो विद्यार्थियों के रुकने की व्यवस्था
मेडिकल कॉलेज में छात्र और छात्राओं के लिए अलग-अलग छात्रावास हैं। यहां एक कमरे में दो विद्यार्थियों के रुकने की व्यवस्था की गई है। इसके साथ ही सात मंजिला छात्रावास में लिफ्ट और प्रत्येक मंजिल पर खाने के लिए मेस की व्यवस्था है। अब तक सभी 50 विद्यार्थी यहां पहुंच चुके हैं। इनमें से 35 छात्रों और 15 छात्राओं को छात्रावास में कमरे आवंटित कर दिए गए हैं।
विद्यार्थियों का नजरिया
शुरू से ही डॉक्टर बनने की मंशा थी। अब उसकी शुरुआत होने जा रही है, प्रवेश के बाद शिक्षण कार्य होने जा रहा है। मन में काफी उत्सुकता है।
- अमन वर्मा, खुटार
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हाईस्कूल के बाद ही मेडिकल लाइन में जाने की तैयारी शुरू कर दी थी। नीट की तैयारी के बाद काउंसलिंग से पीलीभीत में प्रवेश मिला। यहां अच्छी व्यवस्थाएं हैं। अब पढ़ाई पर जोर रहेगा।
- विपिन यादव, बदायूं
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काउंसलिंग के बाद दो दिन पूर्व ही छात्रावास में शिफ्ट हुआ। मंगलवार से फाउंडेशन कोर्स शुरू हो रहा है। मन में काफी उत्सुकता है।
- इमरान, बरेली
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यहां माहौल अच्छा है। व्यवस्थाएं भी बेहतर है। एक अच्छा डॉक्टर बनने के लिए पढ़ाई पर पूरा जोर रहेगा।
- सुहानी, बरेली
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छात्रावास मिल गया है। अच्छी व्यवस्था है। सत्र प्रारंभ होने पर काफी प्रसन्न हूं।
- कीर्ति, बरेली
कॉलेज में अब तक 50 विद्यार्थी पहुंच चुके हैं। जल्द ही सीटें फुल होने की उम्मीद है। बेहतर शिक्षा और व्यवस्था के पूरे प्रयास किए जा रहे हैं।
- डाॅ. संगीता अनेजा, प्राचार्य
असम हाईवे पर स्थित मेडिकल कॉलेज का गेट। संवाद
असम हाईवे पर स्थित मेडिकल कॉलेज का गेट। संवाद
असम हाईवे पर स्थित मेडिकल कॉलेज का गेट। संवाद
असम हाईवे पर स्थित मेडिकल कॉलेज का गेट। संवाद