मझोला के कस्तूरबा गांधी आवासीय विद्यालय में छात्रा के गायब होने के मामले में डीएम ने कार्रवाई शुरू कर दी है। पहले चरण में बीएसए का स्पष्टीकरण तलब किया गया है, जबकि जिला समन्वयक, वार्डन और प्रभारी वार्डन को नोटिस जारी किया गया है। इसके अलावा पीड़ित छात्रा को मझोला से हटाकर सदर के बॉ स्कूल भेजने के निर्देश दिए हैं। लगभग एक सप्ताह पूर्व मझोला के कस्तूरबा गांधी आवासीय विद्यालय में डाट फटकार से क्षुब्ध होकर एक बालिका छात्रावास से बिना बनाए चल गई थी, जो दूसरे दिन धनकुना गांव में अपनी रिश्तेदारी में मिली थी। इस घटना से दो तीन दिन पूर्व भी छात्रा को परेशान किया गया था। छात्रा के गायब होने की सूचना पर स्वयं डीएम शीतल वर्मा मौके पर पहुुंची थी। डीएम ने एसडीएम अमरिया व बीएसए को अलग-अलग जांच कर रिपोर्ट देने के निर्देश दिए थे। दोनों अधिकारियों से प्राप्त रिपोर्ट के अध्ययन के बाद डीएम ने सोमवार को तीन एक्शन लिए। डीएम ने इस मामले में बीएसए का स्पष्टीकरण तलब किया है। छात्रा के साथ पहले हुई घटना पर उन्होंने कोई संज्ञान लेकर कार्रवाई क्यों नहीं? बालिका शिक्षा के जिला समन्वयक मनीष श्रीवास्तव, बॉ स्कूल की वार्डन प्रभा पांडेय और प्रभारी वार्डन शीतल को नोटिस जारी किया है। कहा गया है कि क्यों न उनकी संविदा समाप्त कर दी जाए? इसके अलावा डीएम ने पीड़ित छात्रा को सुरक्षित और बेहतर वातावरण देने के लिए मझोला के बॉ स्कूल से हटाकर सदर बॉ स्कूल भेजने के निर्देश दिए हैं। सूत्रों की मानें तो यह प्रारंभिक कार्रवाई है। इस मामले में अभी और बड़ी कार्रवाई की तैयारी है।