हेलमेट नहीं पहने होने से तीनों के सिर पर चोटें लगी थीं। आशंका यह भी है कि बाइक को किसी अन्य वाहन ने टक्कर मारी है। देर सायं तीनों के शव गांव पहुंचते ही घरों में कोहराम मच गया।
कुमाऊं कॉलोनी निवासी धर्मवीर शर्मा की दमुवाढूंगा में बढ़ई की दुकान है। मंगलवार शाम वह खाना खाने के बाद अपनी दुकान पर गया। देर रात तक घर नहीं लौटने पर उसकी पत्नी शकुंतला ने फोन किया लेकिन उसका मोबाइल स्विच आफ मिला। रात एक बजे पत्नी ने पुलिस को पति के घर नहीं लौटने की सूचना दी। इस बीच एक राहगीर ने पुलिस को बताया कि बिठौरिया नंबर एक में वन विभाग की चौकी के पास सड़क पर एक क्षतिग्रस्त बाइक पड़ी है। इस पर पुलिस ने कुछ देर तक खोजबीन की। बुधवार सुबह मुखानी थानाध्यक्ष संजय पांडेय ने नहर बंद कराने के बाद बाइक सवारों की तलाश शुरू की। इस दौरान घटनास्थल से लगभग दस किलोमीटर दूर जीतपुर निगल्टिया स्थित नहर में बढ़ई के साथ उसके भांजे और एक अन्य करीबी की लाश मिली।
धर्मवीर उर्फ पट्टू (38) पीलीभीत जिले के बरखेड़ा थाने के मूसेपुर कलां, इसी थाना क्षेत्र के काजरबोझी गांव निवासी उसका भांजा रवि (20) और मुकेश शर्मा (28) बीसलपुर थाना क्षेत्र के चौसरा गांव का रहने वाला था। मुकेश रवि का फुफेरा भाई था। पुलिस ने तीनों शव पोस्टमार्टम के बाद परिजनों को सौंप दिए।
हादसे ने छीना कमाऊ पूत
हादसे में मारा गया रवि तीन भाइयों में सबसे बड़ा था। उसकी अभी शादी नहीं हुई थी। मजदूरी पेशा परिवार के लिए रवि ही कमाऊ पूत था। उसके परिवार में छोटा भाई रोहित (15) और राहुल (12) हैं। पिता शांति स्वरूप व मां सोमवती का रो-रोकर बुरा हाल है।
आने का इंतजार था, मौत की खबर आई
धर्मवीर अपने बच्चों करन (9), अर्जुन (7) और पत्नी शकुंतला देवी के साथ रहकर मजदूरी करता था। मंगलवार रात उसने परिवार वालों से रात में ही घर पहुंचने को कहा था। पत्नी व बच्चे इंतजार कर रहे थे। बुधवार को उन्हें मौत की खबर मिली।
एक माह में छिन गया पिता का साया
मुकेश शर्मा की पत्नी प्रियंका का रो-रो कर बुरा हाल है। करीब ढाई साल पहले दोनों का विवाह हुआ था। एक माह का बच्चा निकुल भी है। दुधमुहा यह बच्चा अभी ह्रोश भी नहीं संभाल सका था कि उसके सिर से पिता का साया उठ गया। पत्नी दहाड़े मार-मार कर रो रही थी।