खेत में जानवर घुसने की मामूली सी बात ने गाजीपुर मुगल गांव में बड़ा बवाल करा दिया। एक पक्ष ने दूसरे पर हमला बोल दिया। इसके बाद दोनों ओर से जमकर लाठी-डंडे चले। घटना के बाद एक पक्ष ने हाईवे पर जाम लगा दिया। दूसरे पक्ष के लोग वहां पहुंचे तो फिर मारपीट हुई। पुलिस ने समझाने का प्रयास किया, तो लोग पुलिस से भिड़ गए। सूचना मिलने पर एएसपी फोर्स लेकर मौके पर पहुंचे। पुलिस ने जाम लगा रहे लोगों को सख्ती से खदेड़ दिया। एक युवक को मौके से गिरफ्तार कर लिया। मामला दो समुदायों से जुड़ा होने के कारण गांव में तनाव है।
पुलिस के अनुसार बरखेड़ा थाना क्षेत्र के गाजीपुर मुगल गांव निवासी लल्लन शाह उर्फ लल्ला खां के खेत में गांव के ही लल्लूराम के जानवर घुस गए थे। इसे लेकर दोनों के बीच विवाद चल रहा था। शनिवार को लल्लूराम और उसके भाई दाताराम गांव में काम से जा रहे थे। इसी बीच दूसरे पक्ष के लोगों ने उनसे मारपीट शुरू कर दी। लल्लूराम पक्ष के लोगों को जब यह पता चला तो वे भी लाठी-डंडे लेकर मौके पर पहुंच गए। इसके बाद दोनों पक्ष के लोगों में जमकर मारपीट हुई। मामला दो समुदायों से जुड़ा होने के कारण घटना को सांप्रदायिक रंग देने की भी कोशिश की गई। इसके एक पक्ष के लोग हाइवे पर जाम लगाने पहुंच गए। कुछ ही देर में दूसरे पक्ष के लोग भी वहां पहुंचे तो फिर दोनों पक्षों में मारपीट होने लगी। विवाद की जानकारी लगने पर जिरौनिया चौकी प्रभारी अभय पांडे मौके पर पहुंचे। भीड़ को शांत कराने की कोशिश की, लेकिन उग्र ग्रामीण पुलिस से भिड़ गए। चौकी पुलिस ने फोर्स की मांग की। इस पर एएसपी विकास कुमार वैद्य, एसओ बरखेड़ा ओमहरि बाजपेई पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। समझाने के बाद भी न मानने पर पुलिस ने सख्ती से भीड़ को खदेड़ दिया। इस दौरान लल्ला खां के भाई शमशुल को गिरफ्तार कर लिया गया। पुलिस ने घायल लल्लूराम को मेडिकल के लिए भेजा है।
रिवाल्वर तानकर दरोगा ने बचाई जान
लोगों में इस कदर गुस्सा था कि पुलिस के शांत कराने पर भी वे एक-दूसरे से मारपीट करते रहे। दरोगा ने बीच-बचाव की कोशिश की तो लोग उनसे भिड़ गए। इसके बाद दरोगा ने रिवाल्वर दिखाकर डराने के बाद खुद को बचाया।
एक दिन पहले हो गया था समझौता
गांव में तीन दिनों से विवाद चल रहा था। इसे किसी ने गंभीरता से नहीं लिया। पुलिस पर आरोप है कि तहरीर मिलने के बाद भी कोई कार्रवाई नहीं की गई। इधर, पुलिस का कहना है कि थाने में सूचना नहीं थी। ग्राम प्रधान ने एक दिन पहले दोनों पक्षों में समझौता करा दिया था।
महिलाएं भी आ गईं थीं सड़क पर
घटना को लेकर बवाल में सिर्फ पुरुष ही शामिल नहीं थे। महिलाएं भी झगड़े में आगे थीं। घरों से निकलकर महिलाएं हाइवे तक आ गईं। दोनों पक्षों की महिलाओं में भी मारपीट हुई थी।
एहतियातन गांव में फोर्स तैनात
गांव में तनाव को देखते हुए फोर्स तैनात कर दिया गया है। एसओ पुलिस बल के साथ घंटों गांव में ही मौजूद रहकर शांति व्यवस्था बनाने में जुटे रहे।
पुराने विवाद को लेकर दो पक्षों में मारपीट हुई थी। जाम नहीं लगाया गया था। भीड़ हाइवे पर आ गई थी। इससे ट्रैफिक रुक गया था। एक युवक को हिरासत में लिया गया है। मामले में तहरीर मिलने पर कार्रवाई की जाएगी।
-ओमहरि बाजपेई, एसओ बरखेड़ा