बिजली की हाइटेंशन लाइन के झूलते तारों ने गांव करेली के तीन किसानों की मेहनत पर पानी फेर दिया। तारों के पेड़ से रगड़ने से गिरी चिंगारी से छह बीघा गेहूं और एक एकड़ गन्ना जलकर नष्ट हो गया। हादसे से किसानों में बिजली विभाग के प्रति रोष है।
गांव करेली निवासी घनश्याम सिंह ने बताया कि उनके खेत के बीच से हाइटेंशन लाइन निकली है। इसके तार काफी ढीले हैं। तेज हवाओं के कारण पेड़ से तार के रगड़ने से चिंगारी खेत में गिर गई, जिससे आग भड़क उठी। देखते ही देखते आग ने विकराल रूप ले लिया। इस अग्निकांड में घनश्याम सिंह का पांच बीघा, राममुरारी का एक बीघा गेहूं जलकर राख हो गया, जबकि उपदेश सिंह का एक एकड़ गन्ना जल गया। ग्रामीणों ने बताया कि बुधवार को भी हाइटेंशन लाइन की चिंगारी से गांव के बरियान सिंह के खेत में नरई में आग लगी थी। इस पर बिजली विभाग के अधिकारियों से दिन में आपूर्ति बंद रखने की मांग की थी, लेकिन अधिकारियों ने ध्यान नहीं दिया। इससे ग्रामीणों में रोष है।
पूरनपुर। गेहूं की फसल काटकर चैनी धान की पौध लगाने की होड़ में नरई के खेतों में आग लगाने का सिलसिला रुक नहीं रहा है। बृहस्पतिवार को गांव नौरंगाबाद, कलीनगर के समीप नरई के खेतों में आग से कई किसानों के खेतों में भूसा बनाने को छोड़ी गई नरई जलकर राख हो गई। सूचना पर पहुंची फायर ब्रिगेड की टीम ने बमुश्किल आग पर काबू पाया।
घुंघचाई। नरई के खेतों में आग से गांव मंडनपुर निवासी अनूप सिंह के अमरुद के बाग के वृक्ष झुलस गए। गांव रघुनाथपुर निवासी अमरीक सिंह सहित कई किसानों के खेत में खड़ी नरई जल गई। गांव दिलावरपुर निवासी किसान रामरतन, तेजराम, खेमकरन आदि ने पुलिस को दी तहरीर में एक किसान द्वारा जलाई गई नरई से उसकी चार ट्राली भूसा जलकर राख होने की जानकारी देकर कार्रवाई की मांग की।