चंडीगढ़ से बरामद दलित विवाहिता ने कोर्ट में दिए बयान में मर्जी से प्रेमी के साथ जाना स्वीकार किया। उसने कहा कि मेरे साथ कोई बुरा काम नहीं हुआ। कोर्ट ने भी उसके बालिग पाए जाने पर उसे उसकी मर्जी पर जहां भी जाए वहां रहने को स्वतंत्र कर दिया। जिस पर विवाहिता थाने पर मौजूद अपने प्रेमी के साथ पुलिस सुरक्षा के बीच चली गई।
शुक्रवार को बरेली में आईजी की प्रेस कांफ्रेंस में पेश करने के बाद पुलिस महिला, उसकी मासूम बेटी व प्रेमी विक्की उर्फ गुरप्रीत सिंह को लेकर पीलीभीत पहुंची। पुलिस ने विवाहिता का मेडिकल परीक्षण कराने के बाद बरामद विवाहिता को कोर्ट में पेश किया। एसीजेएम डीएन सिंह की अदालत में उसके बयान हुए। उसने अपने अपहरण व बलात्कार को झुठलाया। कहा कि मर्जी से प्रेमी के साथ गई थी। महिला बालिग होने के कारण कोर्ट ने उसे उसकी मर्जी से जहां भी चाहे वहां रहने को स्वतंत्र कर दिया। जिस पर सुनगढ़ी पुलिस महिला को थाना लाई। थाना सुनगढ़ी के एसएसआई ओमहरि वाजपेई ने बताया कि महिला ने प्रेमी के साथ जाने की इच्छा जताई थी। जिस पर उसे पुलिस सुरक्षा में बरेली भेजा गया है। आगे की सुरक्षा बरेली पुलिस उपलब्ध कराएगी।