पूर्णागिरि से दर्शन कर ट्रेन से लौट रहे तीर्थयात्रियों से छेड़छाड़ और
मारपीट के मामले में जीआरपी ने तीन संदिग्धों को हिरासत में लेकर पूछताछ
की। हालांकि, कोई सुराग न लगने पर तीनों को छोड़ दिया गया।
टनकपुर
स्थित पूर्णागिरि से ट्रेन की ओर से वापस लौट रहे मझोला के कुछ
तीर्थयात्रियों से 28 मई की रात कुछ युवकों ने छेड़छाड़ की थी। विरोध करने
पर आरोपी युवकों ने एक महिला समेत कई अन्य के साथ जमकर मारपीट की थी।
मारपीट में एक महिला गंभीर रूप से घायल हो गई। जीआरपी से दस अज्ञात युवकों
के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की गई थी। इधर, जीआरपी ने रविवार को न्यूरिया रेलवे
स्टेशन पर घूम रहे तीन संदिग्धों को पकड़ लिया। संदिग्धों को थाने लाकर
पूछताछ भी की गई। पीड़ित को बुलाकर संदिग्धों की शिनाख्त कराई गई, लेकिन
पीड़ित ने संदिग्धों को घटना में शामिल न होने की बात कही। इस पर जीआरपी ने
तीनों संदिग्धों को छोड़ दिया। एसओ जीआरपी राघवेंद्र प्रताप सिंह ने बताया
कि आरोपियों की तलाश की जा रही है। संदिग्धों को हिरासत में लेकर पूछताछ
की जा रही है। जल्द ही आरोपियों को पकड़ लिया जाएगा।
जीआरपी ने बढ़ाया फोर्स
तीर्थयात्रियों
के साथ हुई छेड़छाड़ और मारपीट के घटना के बाद जीआरपी ने न्यूरिया रेलवे
स्टेशन पर अतिरिक्त फोर्स तैनात किया है। पहले यहां मात्र एक एसआई, एक हेड
कांस्टेबिल और दो-चार पुलिसकर्मी तैनात किए गए थे। अब यहां दो एसआई, दो हेड
कांस्टेबिल और आठ पुलिसकर्मी तैनात किए गए हैं।