दो माह से फरार चल रहे सट्टा किंग पप्पू टेलर और उसके साथी पर पुलिस ने शिकंजा कसा है। दो दिन पहले अमर उजाला की प्रकाशित खबर को संज्ञान में लेकर एसपी ने पूरे मामले की जानकारी की। जिसके बाद विवेचक की लापरवाही सामने आने पर जांच के निर्देश दिए। इसके अलावा दोनों सटोरियों पर पांच-पांच हजार ईनाम घोषित कर जल्द गिरफ्तारी के निर्देश पुलिस को दिए हैं। जनपद में काफी समय से सट्टे का कारोबार खादी और खाकी के संरक्षण में पनपता जा रहा है। पिछले दिनों तत्कालीन एसपी देवरंजन वर्मा ने कार्रवाई करते हुए एक टीम बनाकर छापेमारी कराई। जिसमें पांच लोगों को भारी बरामदगी के साथ गिरफ्तार किया गया। जबकि सट्टा किंग मोहल्ला वशीर खां निवासी पप्पू टेलर उर्फ एजाज अहमद और उसका साथी मोहल्ला भूरे खां निवासी अकील पुत्र नियाज अहमद फरार हो गए। कोतवाली में मुकदमा दर्ज कर विवेचना क्राइम ब्रांच को दी गई। दो माह का समय बीतने के बाद भी पुलिस सट्टा किंग पर मेहरबान बनी रही। नौ अगस्त को अमर उजाला ने कोतवाल को मिला सट्टा किंग की गिरफ्तारी का टास्क नामक शीर्षक से खबर प्रमुखता से प्रकाशित की। इसमें पुलिस कार्रवाई पर उठने वाले सवालों को भी उजागर किया गया। खबर को संज्ञान में लेते हुए एसपी कलानिधि नैथानी ने पूरे मामले की जानकारी जुटाई। जिसके बाद विवेचक एसआई सुधीर कुमार सिंह की लापरवाही सामने आने पर उनकी विभागीय जांच शुरू कर दी गई है। सीओ लाइन को जांच अधिकारी नियुक्त किया गया है। इसके अलावा फरार पप्पू टेलर और उसके साथी अकील पर पंाच-पांच हजार रुपये ईनाम की घोषणा कर गिरफ्तारी के निर्देश दिए हैं।