परिवारवालों ने ट्रेन से कटकर मरने की जताई आशंका, कार्रवाई से किया इंकार
पुलिस ने शव कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम को भेजा
बृहस्पतिवार दोपहर से लापता चल रहे मजदूर का शव शुक्रवार सुबह घर से चार किलोमीटर दूर रेलवे लाइन किनारे खाई में पड़ा मिला। शव काफी क्षत विक्षत हालत में होने पर परिवार वालों ने ट्रेन से कटकर मरने की आशंका जताई। जिस पर पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है।
बरखेड़ा थाना क्षेत्र के पिपराखास गांव निवासी राकेश कुमार (35) मजदूरी करते थे। बृहस्पतिवार दोपहर राकेश पालतू जानवरों के खाने के लिए घास काटने की बात कहकर घर से निकले। इसके बाद से उसका कोई सुराग नहीं लग सका। देर शाम तक वापस घर न पहुंचने पर परिवार वालों ने युवक की तलाश शुरू कर दी। रात भर तलाशने के बाद शुक्रवार सुबह लापता मजदूर का शव घर से चार किलोमीटर दूर नवादा महेश-पतरासा गांव के बीच रेलवे लाइन से सटी खाई में पड़ा मिला। शव काफी क्षतविक्षत हालत मेें था। एक हाथ, पैर और चेहरा पूरी तरह से कट जाने के चलते कपड़ों को देखकर परिवार वालों ने शव की शिनाख्त की। पुलिस ने परिवार वालों से जानकारी कर शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है।
मृतक चार भाईयों में तीसरे नंबर का था। उसके दो भाई रामआसरे, संतोष और एक छोटा भाई सर्वेश है। उसकी पत्नी की आठ साल पहले मौत हो चुकी है। जिसके बाद वह अपने बेटे सुजीत (15) और बुजुर्ग मां नत्थोदेवी संग रहता था। बेटी विमला देवी की शादी हो चुकी है। इंस्पेक्टर बरखेड़ा राजेश कुमार मौर्य ने बताया कि शव काफी कटा होने से राकेश की मौत ट्रेन से कटकर होना प्रतीत हो रहा है। परिवार वाले भी इसी की आशंका जाहिर कर रहे हैं। शव को परोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। परिवार वाले कार्रवाई नहीं कराना चाहते हैं।