परिवार के साथ मकान की छत पर सो रहे दिव्यांग की संदिग्ध हालात में मौत हो गई। रविवार सुबह दिव्यांग का शव नाली में पड़ा मिला। परिवारवालों से सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची। शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है। हालांकि, उसके घरवाले छत से गिरकर हादसे में मरने की बात कह रहे है।
गजरौला थाना क्षेत्र के बिठौराकलां गांव निवासी दिव्यांग राजेंद्र वर्मा (40) पकौड़ी का ठेला लगाकर परिवार की जीविका चलाते थे। शनिवार रात वह पत्नी ओमवती और बच्चों लक्ष्मी (15), महेश्वरी (10) और छह वर्षीय पुत्र महावीर के साथ मकान की छत पर सो रह था। रविवार सुबह करीब चार बजे परिवारवालों को ग्रामीणों से सूचना मिली कि राजेंद्र मकान से सटी नाली में पड़े हुए हैं। यह सुनकर परिवारवाले बाहर निकले। इसके बाद उन्हें एंबुलेंस से इलाज के लिए जिला अस्पताल लेकर गए, जहां चिकित्सकों ने राजेंद्र को मृत घोषित कर दिया। सूचना पर गजरौला पुलिस ने शव का पंचनामा भरकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। सीओ सिटी निर्मल कुमार विष्ट ने बताया कि दिव्यांग राजेंद्र वर्मा की पत्नी ओमवती ने मौत को हादसा बताया है। परिवारवालों के अनुसार छत पर सोते वक्त सड़क की ओर से गिरने से मौत हो गई होगी। परिवारवालों ने हत्या की आशंका जाहिर नहीं की है। शव का पोस्टमार्टम कराया जा रहा है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट मिलने पर अग्रिम कार्रवाई तय की जा सकेगी।